सामाजिक समरसता और विश्वबंधुत्व को बढ़ावा देता है रक्षाबंधन
Updated: August 17, 2016
18 अगस्त पर विशेष:- मृत्युंजय दीक्षित विविध संस्कृतियों के देश भारत में पर्वों की एक महान श्रृंखला चली आ रही है। पर्वों की उसी कड़ी…
Read more
भारत खो गया-भारत मिल गया
Updated: August 16, 2016
राकेश कुमार आर्य 15 अगस्त 1947 को जब स्वतंत्र हुआ तो उससे पूर्व 14 अगस्त को भारत का विभाजन हो चुका था, और पाकिस्तान नाम…
Read more
दलित राजनीति एक चुनावी साजिश
Updated: August 16, 2016
डा. राधेश्याम द्विवेदी दलित राजनीति की दशा और दिशा:- दलित राजनीति के जनक डॉ. आंबेडकर को विभिन्न राजनैतिक पार्टियों द्वारा हथियाए जाने की कोशिश कर…
Read more
मुझको अब सहना आता है……….
Updated: August 16, 2016
मुझको अब सहना आता है इतनी पीड़ा सहने पर अब, ईश्ववर भी याद नहीं आता, जितनी पीड़ा देनी है दे दे वो, मुझको अब सहना…
Read more
तमाचा
Updated: August 16, 2016
अ और ब दोनों पति पत्नी हैं ।अ जब देखो तब ब को प्रताड़ित करता रहता है ।कभी कभी जरा सी बात पर ब पर…
Read more
मनुष्य शरीर ईश्वर व मोक्ष प्राप्ति का साधन भी
Updated: August 16, 2016
मनुष्य शरीर मल-मूत्र बनाने की मशीन सहित ईश्वर व मोक्ष प्राप्ति का साधन भी -मनमोहन कुमार आर्य वास्तविक दृष्टि से देखा जाय तो शरीर मल-मूत्र…
Read more
पाकिस्तान से बलूचिस्तान अलग होकर रहेगा
Updated: August 16, 2016
डा. राधेश्याम द्विवेदी पाकिस्तान का पश्चिमी प्रांत बलूचिस्तान नाम का क्षेत्र बड़ा है और यह ईरान (सिस्तान व बलूचिस्तान प्रांत) तथा अफ़ग़ानिस्तान के सटे…
Read more
तिरंगें का ये कैसा सम्मान ?
Updated: August 16, 2016
हम देश की आजादी का 70वां स्वतंत्रता दिवस मना रहे है। हर तरफ देशभक्ति के गाने सुनाई दे रहे हैं। स्कूल हो या सरकारी दफ्तर…
Read more
विश्वास की रक्षा ही रक्षाबंधन
Updated: August 16, 2016
बरुण कुमार सिंह भारतीय परम्परा में विश्वास का बंधन ही मूल है। रक्षाबंधन इसी विश्वास का बंधन है। यह पर्व मात्र रक्षा-सूत्र के रूप में…
Read more
हिंदी का अलख कैसे जगाएं ?
Updated: August 15, 2016
हम अपनी मातृभाषा बोलने में ठीक वैसे ही शर्माते हैं जैसे कि एक मजदूर औरत के खून पसीने कि कमाई से पढ़ लिखकर बाबू बना…
Read more
वर्तमान शिक्षा पद्धति या गुलामी की पाठशाला
Updated: August 15, 2016
कल मेरे घर पर एक विवाह समारोह का आमंत्रण आया ।आमंत्रण पत्र में मुझे जो सबसे ज्यादा लुभाता है वो है बाल मनुहार “मेली बुआ…
Read more
यथार्थ वर्णव्यवस्था और दलितोद्धार में महर्षि दयानन्द का योगदान
Updated: August 15, 2016
-मनमोहन कुमार आर्य इतिहास में महर्षि दयानन्द पहले व्यक्ति हुए हैं जिन्होंने उन्नीसवीं शताब्दी के उत्तरार्ध में जन्मना वर्ण-जाति व्यवस्था से ग्रस्त भारतीयों को वैदिक…
Read more