जरूर पढ़ें ऐतिहासिक उपलब्धि से भरा मोदी का बांग्लादेश दौरा 

ऐतिहासिक उपलब्धि से भरा मोदी का बांग्लादेश दौरा 

-सिद्धार्थ शंकर गौतम- २६ मई २०१४ को जब नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी तो सार्क देशों के राष्ट्राध्यक्षों को शपथ ग्रहण…

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परिचर्चा इस्लाम में नैतिक मान्यताओं की अवधारणा

इस्लाम में नैतिक मान्यताओं की अवधारणा

-शैलेन्द्र चौहान- मानवीय नैतिकताएं वास्तव में ऐसी सर्वमान्य अवधारणाएँ हैं जिन्हें सभी लोग जानते हैं और सदियों से मानते चले आ रहे हैं। अच्छाई और…

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मज़हब नहीं सिखाता आपस में बैर रखना

-तनवीर जाफरी- ‘नरेंद्र मोदी सरकार के एक वर्ष के शासनकाल में देश का अल्पसंख्यक मुस्लिम समुदाय भय, आतंक, उपेक्षा तथा भेदभाव के वातावरण में रह रहा…

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विश्ववार्ता वेनेजुएला के खिलाफ अमेरिकी फरमान

वेनेजुएला के खिलाफ अमेरिकी फरमान

-शैलेन्द्र चौहान – मानवाधिकारों की आड़ में प्रभुतासम्पन्न देशों को युद्ध थोपकर उन्हें तबाह करने का अमरीका का इतिहास जघन्य बर्बरता और अनेक सोची समझी…

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महत्वपूर्ण लेख आदिवासी समाज के क्रन्तिकारी नायक और समाज सुधारक

आदिवासी समाज के क्रन्तिकारी नायक और समाज सुधारक

-शैलेन्द्र चौहान- -बिरसा मुंडा (15 नवम्बर 1875 – 9 जून 1900)- भारत के इतिहास में बिरसा मुंडा एक ऐसे आदिवासी नायक हैं जिन्होंने झारखंड में अपने…

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कविता मां

मां

-विजय कुमार सप्पाती- “माँ / तलाश”   माँ को मुझे कभी तलाशना नहीं पड़ा; वो हमेशा ही मेरे पास थी और है अब भी ..…

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सिनेमा फिल्म समीक्षा: दिल धड़कने दो

फिल्म समीक्षा: दिल धड़कने दो

-सिद्धार्थ शंकर गौतम- -बड़ी नाव पर लदा बेकार सामान- कलाकार: प्रियंका चोपड़ा, रणवीर सिंह, अनुष्का शर्मा, फरहान अख्तर, अनिल कपूर, शेफाली शाह, राहुल बोस, रिदिमा सूद,…

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कविता सबसे खूबसूरत हो तुम

सबसे खूबसूरत हो तुम

-मनीष सिंह- बाहर से जितनी मासूम , मन से भी उतनी खूबसूरत हो तुम , एक कलाकार की पूरी मेहनत से तराशी गयी जैसे मूरत…

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साहित्‍य भाषा और समाज

भाषा और समाज

-गंगानंद झा- बात सन् 1989 की है, ‘बाबरी मस्जिद-राम मन्दिर’ का हंगामा चल रहा था, तभी कुछ दोस्तों ने  शहर की दीवालों पर जगह-जगह चिपके…

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कला-संस्कृति खोने लगे हैं मूल्य और संस्कार

खोने लगे हैं मूल्य और संस्कार

-डॉ. दीपक आचार्य-   जब तक मूल्यों का दबदबा था तब तक सभी प्रकार की अच्छाइयों का मूल्य था। जब से मूल्यहीनता का दौर आरंभ…

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पर्यावरण पर्यावरण संरक्षणः चिन्ता नहीं चिंतन करें

पर्यावरण संरक्षणः चिन्ता नहीं चिंतन करें

-डॉ. दीपक आचार्य- आज विश्व पर्यावरण दिवस पर सभी स्थानों पर पर्यावरण के संरक्षण-संवर्धन की धूम है। कार्यक्रमों के आयोजन से लेकर भाषणों तक में…

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परिचर्चा संघ शिक्षा वर्गः एक अनूठा व पावन संदर्भ

संघ शिक्षा वर्गः एक अनूठा व पावन संदर्भ

-प्रवीण गुगनानी- ग्रीष्म की छुट्टियों में जब कि सामान्यतः लोग किसी पहाड़, पठार या ठंडे स्थान पर जाकर आराम करना पसंद करते हैं, तब देश…

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