धर्म-अध्यात्म कहो कौन्तेय (महाभारत पर आधारित उपन्यास)

कहो कौन्तेय (महाभारत पर आधारित उपन्यास)

(सुभद्रा-हरण) विपिन किशोर सिन्हा मेरे वनवास का अन्तिम चरण प्रारंभ हो चुका था। मैं हृदय से चाहता था कि यह चरण समाप्त ही न हो।…

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राजनीति प्रतिनिधि को खारिज करने का अधिकार

प्रतिनिधि को खारिज करने का अधिकार

 प्रमोद भार्गव अनशन तोड़ने के साथ अन्ना हजारे ने चुनाव सुधारों को लेकर संघर्ष छेड़ने की बात कही है। उनकी मंशा निर्वाचन प्रणाणी में व्यापक…

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विविधा फिर आरंभ हुआ शिक्षा को लेकर नया प्रयोग

फिर आरंभ हुआ शिक्षा को लेकर नया प्रयोग

लिमटी खरे  देश की नई पीढी की शिक्षा की दशा और दिशा निर्धारित करने के लिए पाबंद मानव संसाधन और विकास मंत्रालय जिस भी राजनैतिक…

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विविधा भारतीय शिक्षा में खामियों की बढ़ती खाई

भारतीय शिक्षा में खामियों की बढ़ती खाई

  राजकुमार साहू यह तो सही है कि भारत में न पहले प्रतिभाओं की कमी रही और न ही अब है। पुरातन समय से ही यहां…

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मीडिया पत्रकारिता के एक संत का यूं ही चले जाना

पत्रकारिता के एक संत का यूं ही चले जाना

जनसत्‍ता के पूर्व चीफ सब एडिटर हरीश पंत का निधन   महेंद्र सिंह राठौड़ की रिपोर्ट. चंडीगढ़ जनसत्ता में पूर्व मुख्‍य उपसंपादक रहे हरीश पंत ने…

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राजनीति संसदों के विशेषाधिकार ख़त्म करने का समय आ गया है!

संसदों के विशेषाधिकार ख़त्म करने का समय आ गया है!

 इक़बाल हिंदुस्तानी भ्रष्टाचार के खिलाफ़ रामलीला ग्राउंड में अपने भाषणों में नेताओं और सांसदों के बारे में की गयी अभद्र टिप्पणियों को लेकर फिल्म कलाकार…

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विविधा धोखेबाज हैं स्वामी अग्निवेश

धोखेबाज हैं स्वामी अग्निवेश

नीरज कुमार दुबे  स्वामी अग्निवेश हालांकि सामाजिक कार्यकर्ता हैं लेकिन राजनीति में उनकी दिलचस्पी बनी हुई है। खुले तौर पर वह भले इसे न स्वीकारें…

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राजनीति स्वामी अग्निवेश – एक रंगा सियार

स्वामी अग्निवेश – एक रंगा सियार

विपिन किशोर सिन्हा दिनांक २८ अगस्त, २०११ को दिन के दो बजे न्यूज२४ चैनल से स्वामी अग्निवेश और केन्द्रीय मंत्री कपिल सिब्बल से हुई बातचीत…

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विविधा अब आगे बढ़ा जाए….

अब आगे बढ़ा जाए….

नरेश भारतीय जो हुआ, अद्भुत हुआ. देश के लोगों को दिशा बोध हुआ है. १६ अगस्त २०११ को स्वतंत्रता की दूसरी लड़ाई की घोषणा करने…

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विविधा कहीं जनता के विश्वास का फिर चीरहरण तो नहीं होगा ?

कहीं जनता के विश्वास का फिर चीरहरण तो नहीं होगा ?

राजीव गुप्ता वी.डी.सी. , प्रधानी , स्कूल , ईंट का भट्टा , और राशन – तेल का कोटा भी उन्ही के पास है ! उनकी…

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आर्थिकी कॉरपोरेट्स को बैंकिंग लाइसेंस देना कितना जायज

कॉरपोरेट्स को बैंकिंग लाइसेंस देना कितना जायज

सतीश सिंह कॉरपोरेट्स घरानों को बैंकिग लाइसेंस देने का रास्ता अब साफ हो गया है। इनको लाइसेंस देने के लिए जरुरी कवायद तकरीबन छह माह…

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विधि-कानून नीम-हकीमी न्याय व्यवस्था

नीम-हकीमी न्याय व्यवस्था

भ्रष्टाचार, अत्याचार, भेदभाव, मनमानी और गैर-बराबरी की जननी नीम-हकीमी न्याय व्यवस्था विधायिका और कार्यपालिका को तो नहीं दिखती, लेकिन न्यायपालिका क्यों चुप है? जबकि अपने…

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