पर्यावरण विविधा बाढ़ नहीं, तीव्रता व लंबी अवधि हैं बुरी August 30, 2016 / August 30, 2016 by अरुण तिवारी | Leave a Comment बाढ़ के कारणों पर चर्चा के शुरु मंे ही एक बात साफ कर देनी जरूरी है कि बाढ़ बुरी नहीं होती; बुरी होती है एक सीमा से अधिक उसकी तीव्रता तथा जरूरत से ज्यादा दिनों तक उसका टिक जाना। बाढ़, नुकसान से ज्यादा नफा देती है। बाढ़ की एक सीमा से अधिक तीव्रता व टिकाऊपन, […] Read more » Featured तीव्रता व लंबी अवधि नगरीय जलभराव के कारण बाढ़ बाढ़ के दुष्प्रभाव बढ़ाने बांध-बैराजों की अन्य भूमिका
राजनीति आनंद मंत्रालय की चुनौतियां August 30, 2016 by प्रो. बृजकिशोर कुठियाला | Leave a Comment प्रो. बृज किशोर कुठियाला राजनीतिज्ञों की सोच में अत्यंत शुभ परिवर्तन का संकेत है मध्यप्रदेश सरकार द्वारा आनंद मंत्रालय का निर्माण। पहली पंचवर्षीय योजना से लेकर और वर्तमान की बारहवीं योजना तक सभी में भारतीय समाज की भौतिक उन्नति के अनेकों सफल एवं कुछ असफल प्रयास हुए हैं। आज देश में सड़के अधिक हैं, अधिक […] Read more » Featured आनंद मंत्रालय आनंद मंत्रालय की चुनौतियां
समाज जवाबदारी से मुकरती तस्वीरें August 30, 2016 by मनोज कुमार | Leave a Comment मनोज कुमार सुबह सवेरे आदत के मुताबिक फेसबुक ऑन किया और सर्च करने लगा तो देखा कि किसी सज्जन ने एक तस्वीर पोस्ट की है जिसमें मां और उसके बच्चे एक लाश को गोदी में उठाये चले जा रहे हैं. सुबह सुबह मन अवसाद से भर गया. सवाल तो मन में अनेक उठे थे और […] Read more » Featured जवाबदारी से मुकरती तस्वीरें
राजनीति मनु और वत्र्तमान राजनीति की विश्वसनीयता, भाग-4 August 30, 2016 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment राकेश कुमार आर्य वायु : वायु की विशेषता है कि वह सब प्राणियों में और स्थानों में प्रविष्ट होकर विचरण करता है। उसी प्रकार राजा को अपने गुप्तचरों द्वारा सर्वत्र प्रविष्ट होकर सब स्थानों की अपनी तथा शत्रु की प्रजाओं की बातों की जानकारी रखनी चाहिए। राजा की इस विशेषता में स्पष्ट किया गया है […] Read more » Featured मनु वत्र्तमान राजनीति की विश्वसनीयता
समाज गांवों के सशक्तिकरण में युवाओं की भूमिका August 30, 2016 by अरुण तिवारी | Leave a Comment अरुण तिवारी भारत में सङक, दुकान, बिजली, प्राथमिक स्कूल, प्राथमिक चिकित्सा केन्द्र और थानायुक्त गांवों की संख्या बढ़ रही है। गांवों में पक्के मकानों की संख्या बढ़ी है। मकानों में मशीनी सुविधाओं की संख्या बढ़ी है; शौचालय बढे़ हैं। मोबाइल फोन, मोटरसाइकिल और ट्रेक्टर बढ़े हैं। ऊंची डिग्री व नौकरी करने वालों की संख्या बढ़ी […] Read more » Featured गांवों के सशक्तिकरण युवाओं की भूमिका
व्यंग्य साहित्य विपक्ष का जोश और शासक का होश …!! August 30, 2016 by तारकेश कुमार ओझा | Leave a Comment तारकेश कुमार ओझा मोरली हाइ या डाउन होने का मतलब तब अपनी समझ में बिल्कुल नहीं आता था। क्योंकि जीवन की जद्दोजहद के चलते अब तक अपना मोरल हमेशा डाउन ही रहा है । लेकिन खासियत यह कि जेब में फूटी कौड़ी नहीं वाले दौर में भी यह दुनिया तब बड़ी खूबसूरत लगती थी। जी […] Read more » Featured विपक्ष का जोश शासक का होश ...!!
टेक्नोलॉजी महत्वपूर्ण लेख विविधा अंतरिक्ष में भारतीय मितव्ययता का परिचायक : स्क्रेमजेट परीक्षण August 29, 2016 / August 29, 2016 by डॉ. शुभ्रता मिश्रा | Leave a Comment डॉ. शुभ्रता मिश्रा किसी भी राष्ट्र, समाज और परिवार के विकास में मितव्ययता का अपना विशेष महत्व होता है। विश्व में आज अनावश्यक खर्चों पर नियंत्रण कर निवेश के माध्यम से विकास प्रक्रिया को आगे बढाने की महती आवश्यकता है। निवेश किसी भी क्षेत्र में हो सकता है, चाहे वह विज्ञान और तकनीकी का क्षेत्र […] Read more » Featured India Set to Test Domestically-Produced Scramjet Engine Scramjet Engine स्क्रेमजेट परीक्षण
मीडिया राजनीति एक जीवंत परम्परा को झुठलाने की साजिश August 29, 2016 by ललित गर्ग | 1 Comment on एक जीवंत परम्परा को झुठलाने की साजिश ललित गर्ग- जैन मुनि तरूणसागरजी पर कांग्रेस के तहसीन पूनावाला एवं आम आदमी पार्टी के प्रचारक एवं डायरेक्टर और गायक विशाल डडलानी की अशोभनीय एवं निन्दनीय टिप्पणियों ने न केवल जैन समाज को बल्कि सम्पूर्ण धार्मिक जगत को आहत किया है। अहिंसा को जीने वाले जैन मुनि के प्रति ट्विटर पर की गयी टिप्पणी ने […] Read more » Featured tweet of Vishal Dadlani on jain guru tarun sagar ji maharaj गायक विशाल डडलानी जीवंत परम्परा दिगम्बर मुनि मुनि तरूणसागरजी विशाल डडलानी
खेल जगत मनोरंजन विविधा जैसी प्राथमिकताएं वैसा प्रदर्शन और परिणाम August 29, 2016 by तनवीर जाफरी | Leave a Comment तनवीर जाफ़री रियो ओलंपिक खेल समाप्त होने के बाद एक बार फिर हमारे देश में इस विषय पर चर्चा तेज़ हो गई है कि दुनिया में आबादी के लिहाज़ से दूसरे नंबर पर आने वाले इस विशाल देश में आिखर ओलंपिक खेलों में पदक जीतने वाले खिलाडिय़ों की संख्या न के बराबर क्यों रहती है? […] Read more » Featured रियो ओलंपिक रियो ओलंपिक खेल रियो ओलंपिक खेल परिणाम रियो ओलंपिक खेल प्रदर्शन
लेख विविधा साहित्य लघु उद्योग दिवस August 29, 2016 by डा. राधेश्याम द्विवेदी | 2 Comments on लघु उद्योग दिवस डा. राधेश्याम द्विवेदी किसी विशेष क्षेत्र में भारी मात्रा में सामान का निर्माण,उत्पादन या वृहद रूप से सेवा प्रदान करने के मानवीय कर्म को उद्योग (industry) कहते हैं। उद्योगों के कारण गुणवत्ता वाले उत्पाद सस्ते दामों पर प्राप्त होते है जिससे लोगों का रहन-सहन के स्तर में सुधार होता है और जीवन सुविधाजनक होता चला […] Read more » Featured small industries लघु उद्योग लघु उद्योग दिवस
विविधा समाज माँझी के बहाने खुद को तलाशिए August 29, 2016 by अनिल द्विवेदी | Leave a Comment रौंगटे खड़े हो रहे हैं, कान सिहर रहे हैं कि एक पति अपनी पत्नी की मृत काया को लेकर 12 किलोमीटर तक कैसे चला होगा? लेकिन यही तो भारतीय दम्पत्तियों के रिश्ते की असल पहचान है जिसकी परीक्षा वह आज से नहीं, हजारों सालों से देते आया है। छह हजार साल पहले पतिव्रता सावित्री ने […] Read more » Featured खुद को तलाशिए मांझी
खेल जगत मनोरंजन विविधा खेलों में खत्म होना चाहिये लैंगिक आधार पर भेदभाव August 29, 2016 by ब्रह्मानंद राजपूत | Leave a Comment (29 अगस्त 2016, खेल दिवस पर विशेष) खेल कई नियम कायदों द्वारा संचालित ऐसी गतिविधि है जो हमारे शरीर को फिट रखने में मदद करती है। आज इस भागदौड भरी जिन्दगी में अक्सर हम खेल के महत्व को दरकिनार कर देते हैं। आज के समय में जितना पढना-लिखना जरूरी है, उतना ही खेल-कूद भी जरूरी […] Read more » Featured खेल दिवस खेलों में खत्म होना चाहिये लैंगिक आधार पर भेदभाव लैंगिक आधार पर भेदभाव