डा. राधेश्याम द्विवेदी

Library & Information Officer A.S.I. Agra

अनोखा मदरसा ‘मुईन उल इस्लाम’ में सद्भावना का पाठ

आगरा देवरैठा का मदरसा हिंदू-मुस्लिम एकता की किसी मिसाल से कम नहीं है। यहां धर्म की दीवार तोड़ बच्चे उर्दू और संस्कृत दोनों विषयों की शिक्षा एकसाथ गृहण कर रहे हैं। मुस्लिम बच्चे संस्कृत के श्लोकों का उच्चारण जबकि हिंदू बच्चे कुरान की आयतें पढ़ते हैं। शिक्षक हों या बच्चे, सभी कहते हैं, मजहब नहीं सिखाता आपस में बैर रखना। कक्षा आठ की छात्रा निशा खान के मुंह से गायत्री मंत्र का उच्चारण सुन लगेगा मानो इस बच्ची की जुबां पर स्वयं सरस्वती मां विराजमान हो गई हैं। मासूम से चेहरे पर न तो किसी धर्म की परछाई दिखाई पढ़ती है और न ही किसी प्रकार का धार्मिक भेदभाव। कक्षा सात के छात्र ऋषभ उर्दू सीखता है और कुरान की आयतें भी पढ़ता है।

मानवीय चेतना और राष्ट्रीयता के कवि : पंडित बलराम प्रसाद मिश्र ‘द्विजेश’

डा. राधे श्याम द्विवेदी ‘नवीन’ पारिवारिक परिचय:-बस्ती जिले का मिश्रौलिया गांव में हर दयाल मिश्र

लछिराम भट्ट : बस्ती के छन्द परम्परा के जनक

लछिराम की प्रसादगुणयुक्त ब्रजभाषा में रचनाएँ है। कुछ के नाम ये हैं – मुनीश्वर कल्पतरु, महेंद्र प्रतापरस भूषण, रघुबीर विलास, लक्ष्मीश्वर रत्नाकर, प्रतापरत्नाकर, रामचंद्रभूषण, हनुमंतशतक, सरयूलहरी, कमलानंद कल्पतरु, मानसिंह जंगाष्टक, , सियाराम चरण चंद्रिका, करुणाभरण नाटक, प्रेम रत्नाकर, राम रत्नाकर, लक्ष्मीश्वर रत्नाकर, रावणेश्वर कल्पतरु ,महेश्वर विलास ,नायिका भेद, देवकाली शतक, राम कल्पतरु, गंगा लहरी और नखशिख परम्परा आदि उनकी उत्कृष्ट रचनायें है।

क्या ताजमहल के बंद कमरों में हिन्दू मूर्तियां है ?

अलेक्जेन्डर कनिंघम जैसे सैन्य अधिकारियों ने भारतीय इतिहास को जिस प्रकार तोड़ कर लिखा, आज उसी को प्रामाणिक माना जाता है. अलेक्जेन्डर कनिंघम ने कब्र इंतजामिया को ताजमहल से बाहर किया और सात मंजिला ताजमहल के मुख्य मकबरे को छोड़ कर शेष 500 कमरों में ताले लगवा दिए, जो आज भी लगे हुए हैं.

आगरा में पहली बार यमुना चुनरी मनोरथ महोत्सव का भव्य कार्यक्रम आयोजित

गुरु वशिष्ठ मानव सर्वांगीण विकास सेवा समिति ने यमुना किनारा के लक्ष्मी नारायण मन्दिर राम घाट पर विधि-विधान से दूध, फूल, मिष्ठान से यमुना जी की पूजा अर्चना की। भगवान श्रीकृष्ण की पटरानी यमुना महारानी का प्राकट्योत्सव मंगलवार को धूमधाम के साथ मनाया गया। इस अवसर पर वैदिक मंत्रोच्चारण के मध्य यमुना महारानी का दुग्धाभिषेक किया गया और चुनरी ओढ़ाई गई।

जीवन के अलौकिक संकेत प्रतीक व बिम्ब

पूरी तरह से खिले हुए फूल को प्रस्फुटित फूल कहा जाता है। देखने में बहुत प्यारा तथा मन को आनन्दित करता हैं परन्तु उसका दर्द दूसरा कोई नहीं समझता है। किसी को उसकी वेदना का आभास भी शायद ना होता हो। माली पुजारी नारी या युवा ? यहां तक कि उसे माध्यम बनाकर पे्रम का इजहार करने वाले अपने लक्ष्य को साध लेते हैं पर वे प्रस्फुटित फूल कीवेदना को शायद ही समझ पाते हों या समझना चाहते हों।

सामाजिक सांस्कृतिक संगठन के विरोध में बननेवाले दो राजनीतिक पुच्छल तारे

डीएसएस के गठन को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने तेजप्रताप को पहले आरएसएस का प्रशिक्षण लेने की सलाह दे दी. उन्होंने कहा कि तेजप्रताप को पहले आरएसएस की ट्रेनिंग लेनी चाहिए, उसके बाद कोई संगठन बनाने की बात करनी चाहिए. प्रशिक्षण लेने के बाद संगठन की असफलता का शक कम हो जाएगा, बिना प्रशिक्षण के असफलता का भय बना रहेगा. कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी आरएसएस की विचारधारा को महात्मा गांधी की हत्या के लिए जिम्मेदार मानते हैं.

109वीं जयन्ती के अवसर पर पण्डित मोहन प्यारे द्विवेदी को श्रद्धान्जलि

108 वीं जयन्ती के पावन अवसर पर हार्दिक श्रद्धांजलि डा. राधेश्याम द्विवेदी ’नवीन’ सुकवि आचार्य