लेख डिजिटल शिक्षा से नई उम्मीदों को गढ़ती किशोरियां December 8, 2022 / December 8, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment नीराज गुर्जर अजमेर, राजस्थान 21वीं सदी के दौर को डिजिटल युग कहा जाता है तो गलत नहीं है. इसने न केवल सामाजिक रूढ़िवादी परंपराओं को चुनौती दी है बल्कि डिजिटल शिक्षा के माध्यम से विकास के कई नए रास्ते भी खोले हैं. वहीं वैज्ञानिक तर्क के साथ नई अवधारणाओं को भी जन्म भी दिया है. ख़ास […] Read more »
लेख समाज किशोरियों में कुपोषण से गंभीर बीमारियों का खतरा December 7, 2022 / December 7, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment रेहाना कौसर पुंछ, जम्मू केंद्रशासित प्रदेश जम्मू कश्मीर के सीमावर्ती जिला पुंछ की तहसील मंडी के दरहा दीना गांव की निवासी 13 वर्षीय नजमा सातवीं कक्षा की छात्रा थी. एक दिन जब वह स्कूल से घर वापस आई तो उसके पेट में भयानक दर्द होने लगा. इससे उसका पूरा शरीर कांपने लगा. दस दिनों तक दर्द चलता रहा. दर्द की गंभीरता […] Read more » Risk of serious diseases due to malnutrition in adolescent girls
लेख समाज मानव तस्करों के जाल में ग्रामीण किशोरियां December 7, 2022 / December 7, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment सीटू तिवारी पटना, बिहार 21 साल की समता (बदला हुआ नाम) ने किताबों से पक्की वाली दोस्ती कर ली है। वह अपने परिवार की पहली मैट्रिक पास तो है ही, लेकिन उसका एक दूसरा परिचय भी है। मात्र ग्यारह साल की उम्र में उसके माता पिता ने बेटी ‘सुख से रहेगी’, के लालच में उसकी शादी कर दी थी। लेकिन […] Read more » Rural girls in the trap of human traffickers ब्राइड ट्रैफिकिंग
लेख स्वास्थ्य-योग आधी आबादी के लिए माहवारी अब भी समस्या है December 6, 2022 / December 6, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment शिल्पा कुमारी मुजफ्फरपुर, बिहार किसी भी देश के विकास में पुरुष और महिलाओं का समान योगदान होता है. लेकिन ऐसा तभी मुमकिन हो सकता है जब वह देश अपने सभी नागरिकों को समान रूप से बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हो सके. परंतु हमारे देश में आज भी आधी आबादी विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं और किशोरियों को […] Read more » Menstruation is still a problem for half the population
लेख पुस्तक ”सामूहिक हिंसा एवं दाण्डिक न्याय पद्धति” की विषैली बातें December 6, 2022 / December 6, 2022 by मयंक चतुर्वेदी | Leave a Comment डॉ. मयंक चतुर्वेदी पुस्तकों को लेकर प्राय: यही कहा जाता है कि पुस्तकें ही हमारी सच्ची दोस्त हैं जिनके रहते जीवन को एक सही दिशा मिलती है। यदि आपके पास एक अच्छी पुस्तक है तब उस स्थिति में आप उसके ज्ञान से ऊंचाईयों को छू सकते हैं । किंतु यही पुस्तकें जब मनों में जहर […] Read more » सामूहिक हिंसा एवं दाण्डिक न्याय पद्धति
लेख माहवारी से गांव अशुध्द हो जाएगा इसलिए गांव बाहर डिलेवरी December 5, 2022 / December 5, 2022 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment अधिकारो से बेखबर अंधविश्वास के अंधेरे में जकड़ी महिलाएं मातृत्व सुरक्षा के संविधान में मिले अधिकार. सरकारी योजनाओं के दावे और हकीकत के बीच अंधविश्वास की ज़मीन पर खड़ा एक ऐसा गांव जिसकी पहचान ये है कि इस गांव में आज़ादी के पहले से आज तक किसी नवजात की रुलाई नहीं सुनी. नरसिंहगढ़ जिले का […] Read more » no delivery in sanka shyam ji mandir सांका श्याम
लेख समाज दुुनिया के प्रसन्न समाजों में हम क्यों पिछड़ रहे हैं? December 5, 2022 / December 5, 2022 by ललित गर्ग | Leave a Comment -ललित गर्ग- संयुक्त राष्ट्र की ने वर्ष 2022 की पहली तिमाही में सालाना वर्ल्ड हैपीनेस रिपोर्ट जारी की है। 149 देशों की सूची में भारत का स्थान खुशी और प्रसन्नता के मामले में 136वां है, जो हैरानी का बड़ा कारण है। इस सूची में फिनलैंड लगातार पांचवीं बार अव्वल रहा है। डेनमार्क, आइसलैंड, स्विटजरलैंड और […] Read more » Why are we lagging behind the happy societies of the world?
लेख शख्सियत समाज ‘इंडियन रॉबिन हुड’ यानि वीर सिपाही टंट्या मामा December 2, 2022 / December 2, 2022 by मनोज कुमार | Leave a Comment मनोज कुमार हम आजादी के 75वां वर्ष का उत्सव मना रहे हैं तब ऐसे अनेक प्रसंग से हमारी नयी पीढ़ी को रूबरू कराने का स्वर्णिम अवसर है। मध्यप्रदेश ऐसे जाने-अनजाने सभी वीर योद्धाओं का स्मरण कर आजादी के 75वें वर्ष को यादगार बना रहा है। खासतौर पर उन योद्वाओं का जिन्होंने अपने शौर्य से अंग्रेजी […] Read more » 'Indian Robin Hood' i.e. brave soldier Tantya Mama वीर सिपाही टंट्या मामा
कला-संस्कृति लेख सफल जीवन के लिये हम खुद को बदलें December 2, 2022 / December 2, 2022 by ललित गर्ग | Leave a Comment -ललित गर्ग –हर रिश्ते को संवेदना से जीने के लिये जरूरी है प्रेम एवं विश्वास। प्यार एवं विश्वास दिलों को जोड़ता है। इससे कड़वे जख्म भर जाते हैं। प्यार की ठंडक से भीतर का उबाल शांत होता है। हम दूसरों को माफ करना सीखते हैं। इनकी छत्रछाया में हम समूह और समुदाय में रहकर शांतिपूर्ण […] Read more »
लेख द आर्मीज़ ऑफ़ गॉड ! December 2, 2022 / December 2, 2022 by इ. राजेश पाठक | Leave a Comment १९ वीं सदी में दुनिया में विस्तार पाते यूरोपीय साम्राज्यवाद और पूंजीवाद की पृष्ठभूमि को स्पष्ट करते हुए अपनी किताब ‘ग्लिम्पसेस ऑफ़ वर्ल्ड हिस्ट्री’ में जवाहरलाल नेहरु बताते है कि ये वो समय था जब कहा जाता था कि आगे बढ़ती सेना के झंडे का अनुसरण उसके देश का व्यापार करता था. और कई […] Read more » द आर्मीज़ ऑफ़ गॉड
लेख समाज दिव्यांगता शारीरिक और मानसिक होने से ज्यादा हमारी सोच में है December 2, 2022 / December 2, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस (3 दिसंबर पर विशेष) हरीश कुमार पुंछ, जम्मू हर वर्ष 3 दिसंबर को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर दिव्यांग व्यक्तियों का दिवस मनाने की शुरुआत हुई थी। इसकी शुरुआत 1992 मे संयुक्त राष्ट्रीय संघ द्वारा की गई थी। यह दिवस दिव्यांगों के प्रति करुणा, आत्मसम्मान और उनके जीवन को बेहतर बनाने के उद्देश्य से मनाया जाता है। इसका एक और उद्देश्य समाज के […] Read more » Disability is more in our thinking than being physical and mental अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस
पर्यावरण लेख धरा पर जीवन के लिए के लिए मानवजनित प्रदूषण पर नियंत्रण बेहद जरूरी December 2, 2022 / December 2, 2022 by दीपक कुमार त्यागी | Leave a Comment दीपक कुमार त्यागी भारत में ‘राष्ट्रीय प्रदूषण नियंत्रण दिवस’ मनाने का इतिहास जानें के लिए हमको मध्यप्रदेश में 2-3 दिसंबर 1984 की भयावह काली रात को भोपाल में स्थित यूनियन कार्बाइड के रासायनिक संयंत्र से ‘मिथाइल आइसोसाइनेट’ नाम के जहरीले रसायन के साथ ही अन्य बहुत सारे जहरीले रसायनों के रिसाव की झकझोर देने वाली […] Read more » मानवजनित प्रदूषण पर नियंत्रण