कविता आत्मा और परमात्मा अनादि है May 25, 2021 by विनय कुमार'विनायक' | Leave a Comment —विनय कुमार विनायकआत्मा और परमात्मा अनादि हैहर आत्मा परमात्मा का पारद साखंडित अंश है जिसका लक्ष्य हैपरमात्मा में समाहित हो जाना! आत्मा अनेकबार जन्म-मृत्यु से गुजरी हैजीवात्मा की दुश्मनी और रिश्तेदारी भीपूर्व जन्मों से निर्धारित, सुनियोजित होती! आत्मा की जन्म अवस्था लक्षित है,जो शरीरी इन्द्रियों द्वारा है दृष्टिगोचर,परन्तु आत्मा की मृत्यु से जन्म केबीच की […] Read more » आत्मा और परमात्मा अनादि है
कविता बच्चों का पन्ना नहीं भला होता लड़ने से May 25, 2021 / May 25, 2021 by प्रभुदयाल श्रीवास्तव | Leave a Comment Read more » नहीं भला होता लड़ने से
लेख देश को मजबूत स्वास्थ्य ढांचे की आवश्यकता May 25, 2021 / May 25, 2021 by अली खान | Leave a Comment आज देश में कोविड-19 संक्रमण बड़ी तेजी के साथ आबादी को अपनी चपेट में ले रहा है। आज दुनिया में सबसे ज्यादा कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या भारत में है। पिछले एक महीने में अदृश्य विषाणु ने जिस तरह से कोहराम मचाकर रखा है, इससे हमारे देश की लचर स्वास्थ्य सेवा और इसका खस्ताहाल सामने […] Read more » The country needs strong health infrastructure मजबूत स्वास्थ्य ढांचे की आवश्यकता
कविता कोरोना से अब लड़ना है May 25, 2021 / May 25, 2021 by आर के रस्तोगी | Leave a Comment कोरोना से अब लड़ना है,इसका मुंह काला करना है। दो गज की दूरी रखनी है,मुंह पर मास्क लगाना है।घर से नहीं अब निकलना,घर से ही काम करना है।कोरोना से अब लड़ना है,इसका मुंह काला करना है। किसी के घर नहीं जाना है,किसी को नहीं बुलाना है।वैक्सीन सबको लगवानी है,अपने आप सुरक्षा करनी है।सबको ही विश्वास […] Read more » कोरोना से अब लड़ना है
कविता बोली व गोली एक जाति की होती May 25, 2021 / May 25, 2021 by विनय कुमार'विनायक' | Leave a Comment —विनय कुमार विनायकबोली व गोली एक जाति की होती,बोली गोली से अधिक प्रभावी होती!गोली एकबार प्रहार कर मिट जाती,बोली की चोट आजीवन तक रहती! मधुर बोली मुहावरे जैसी प्रिय होती,मुंह वरे जिसे वह मुहावरे की बोली!बोली घायल करती, मरहम लगाती,बोली हमेशा गोली से, घातक होती! बोली से किसी को घात नहीं पहुंचे,बोली का दुःख, वाचिक […] Read more » words and Bullet words and Bullet of a caste
कविता आरक्षण रक्षण है मानवों का May 25, 2021 / May 25, 2021 by विनय कुमार'विनायक' | Leave a Comment आरक्षण रक्षण है मानवों काआरक्षण रक्षण करता हैमानवीय समानता का! आरक्षण नाश करता हैपिछड़े जन की विषमता का! आरक्षण हितरक्षक हैहक वंचित दलित आदिवासी का! आरक्षण रक्षण हैअसुरक्षित नारियों के जीवन का! आरक्षण दर्शन हैअवसर विहीनता से दलित, पिछड़े,असहाय बच्चे,महिला जीवन को बचाने का! आरक्षण संरक्षक हैहर जाति धर्म के मेधावी छात्र-छात्राओं का! आरम्भ से […] Read more » Reservation is the protection of humans आरक्षण आरक्षण रक्षण है मानवों का
पर्यावरण लेख जलवायु परिवर्तन से जुड़े हैं तूफ़ान यास, तौकते और अम्फान के तार May 25, 2021 / May 25, 2021 by निशान्त | Leave a Comment भारत के नौ राज्यों में तूफ़ान तौकते के कहर का सामना करने के सिर्फ़ एक हफ्ते बाद, देश अब बंगाल की खाड़ी में अपने दूसरे चक्रवाती तूफान यास के लिए कमर कस रहा है। तौकते की यात्रा की तरह, उष्णकटिबंधीय तूफ़ान यास भी तेज़ी से तीव्र हो रहा है। तूफ़ान यास को वर्तमान में गंभीर […] Read more » Hurricane Yas Storm Yas Taukte and Amfan strings are associated climate change Toukte and Amfan तूफ़ान यास तौकते और अम्फान
लेख स्वास्थ्य-योग ‘आपकी पिक्चर’ हमेशा बाकी रहेगी डॉ. के. के अग्रवाल May 24, 2021 / May 24, 2021 by विवेक कुमार पाठक | Leave a Comment विवेक पाठक “हैलो एवरीबडी ग्रीटिग्स फ्रॉम द हार्ट केयर फाउंडेशन ऑफ इंडिया। मैं डॉ. के. के. अग्रवाल। पिक्चर अभी बाकी है। द शो मस्ट गो ऑन। आई रिप्रजेंट द कलेक्टिव कॉनशियसनेस ऑफ मेडीकल प्रोफेशन। ईवन आइम सफरिंग फ्राम कोविड। आइएम हैविंग कोविड नियोमिना विच इस प्र्रोगेसिव मगर हमें राजकपूर के शब्दों को याद करना होगा, […] Read more » डॉ. के. के अग्रवाल
कविता धर्म और संस्कृति अलग-अलग चीज है May 24, 2021 / May 24, 2021 by विनय कुमार'विनायक' | Leave a Comment —विनय कुमार विनायकधर्म और संस्कृति अलग-अलग चीज है,दो व्यक्ति का धर्म परिस्थितिवश एक हो सकता है,लेकिन संस्कृति एक नही हो सकती है! हो सकता है कोई व्यक्तिवादी धर्म ग्रहण के पूर्वतुम्हें या तुम्हारे पूर्वजों को भयंकर यातना दी गई होतुम्हारी संस्कृति को बहुत दबाई-सताई गई हो! बहुत दबाए सताए जाने के बाद मजबूरी वश हीतुम्हारे […] Read more » Religion and culture are different धर्म और संस्कृति
लेख देवऋषि श्री नारद जी लोक कल्याणकारी संदेशवाहक एवं लोकसंचारक थे May 24, 2021 / May 24, 2021 by प्रह्लाद सबनानी | Leave a Comment संदेशवाहक सामान्यतः दो तरीके के काम करता है। वह चाहे तो अपनी समझदारी का उपयोग करते हुए उलझे मुद्दों को सुलझा सकता है अथवा अपनी नादानी से उलझे हुए मुद्दों में और अधिक परेशानी खड़ी कर सकता है। यह सब निर्भर करता है कि संदेशवाहक अपनी बात को किस अन्दाज में प्रस्तुत कर रहा है। […] Read more » देवऋषि श्री नारद जी
लेख कोरोना मुक्ति का सशक्त माध्यम है बुद्ध का संदेश May 24, 2021 / May 24, 2021 by ललित गर्ग | 1 Comment on कोरोना मुक्ति का सशक्त माध्यम है बुद्ध का संदेश ललित गर्ग – गौतम बुद्ध एक प्रकाशस्तंभ हैं, बुद्ध पूर्णिमा को उनकी जयंती मनाई जाती है, उनको ज्ञान की प्राप्ति भी पूर्णिमा की चांदनी रात में ही हुई थी और उनका निर्वाण दिवस भी बुद्ध पूर्णिमा के दिन ही हुआ था। यानी यही वह दिन था जब बुद्ध ने जन्म लिया, ज्ञान पाया, शरीर का […] Read more » कोरोना मुक्ति बुद्ध पूर्णिमा- 26 मई 2021
कविता चन्द्रवंशी आर्य ययाति थे आर्य, द्रविड़,तुर्क,भोज,म्लेच्छ जाति के पिता May 24, 2021 / May 24, 2021 by विनय कुमार'विनायक' | Leave a Comment —विनय कुमार विनायकआर्य, द्रविड़, तुर्क, भोज, म्लेच्छ के पिता थे,आत्रेय चन्द्रपुत्र बुध-इला के प्रपौत्र ययाति!बुध-इलापुत्र पुरुरवा से आयु, आयु से नहुष,इन्द्रपदाभिषिक्त नहुष पिता थे ययाति के! ययाति पति थे दानव गुरु शुक्राचार्य कन्यादेवयानी और दानव वृषपर्वापुत्री शर्मिष्ठा के,देवयानी ने शिकायत की ब्राह्मण पिता से,पति ययाति की शर्मिष्ठा में एकनिष्ठा की! शुक्र अन्य नाम काव्या उसना […] Read more » चन्द्रवंशी आर्य