लेख गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-64

गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-64

राकेश कुमार आर्य गीता का ग्यारह अध्याय और विश्व समाज अर्जुन कह रहा है कि मैं जो कुछ देख रहा हूं उसकी शक्ति अनन्त है,…

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लेख गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-63

गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-63

राकेश कुमार आर्य   गीता का आठवां अध्याय और विश्व समाज स्वामी चिन्मयानन्द जी की बात में बहुत बल है। आज के वैज्ञानिकों ने…

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राजनीति गुजरात में आदिवासी आन्दोलन क्यों?

गुजरात में आदिवासी आन्दोलन क्यों?

ललित गर्गः- असंवैधाानिक एवं गलत आधार पर गैर-आदिवासी को आदिवासी सूची में शामिल किये जाने एवं उन्हें लाभ पहुंचाने की गुजरात की वर्तमान एवं पूर्व…

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धर्म-अध्यात्म मृत्यु होने पर जीवात्मा की स्थिति व गति पर विचार

मृत्यु होने पर जीवात्मा की स्थिति व गति पर विचार

-मनमोहन कुमार आर्य हमें अपने एक विभागीय अधिकारी के परिवारजन की मृत्यु होने पर अन्त्येष्टि में सम्मिलित होने श्मशान घाट जाना पड़ा। वहां हमारे अनेक…

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कविता स्वच्छ सुन्दर पथ सँवारे !

स्वच्छ सुन्दर पथ सँवारे !

स्वच्छ सुन्दर पथ सँवारे, गा रही हिम रागिनी; छा रही आल्ह्वादिनी उर, छिटकती है चाँदनी ! वन तड़ागों बृक्ष ऊपर, राजती सज रजत सी; घास की शैया विराजी, लग रही है विदूषी ! रैन आए दिवस जाए, रूप ना वह बदलती; रूपसी पर धूप चखके, मन मसोसे पिघलती ! वारिशों में रिस रसा कर, धूलि से तन तरजती; त्राण को तैयार बैठी, प्राण को नित धारती ! धवलता से जग सजाए, सहजता प्रतिपालती; ‘मधु’ को मोहित किए वह, वारती मन योगिनी !         स्वर स्वप्न की गति को तके…

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कविता लगाये कितने क़यास !

लगाये कितने क़यास !

लगाये कितने क़यास, जानने अपना सकाश; उड़ने आकाँक्षा का आकाश, अथवा पाने कुछ अवकाश ! जानने निज इतिहास, पहचानने मृदु हास; करने कभी अट्टहास, जानने अपना अहसास ! आम्र मुकुल का सुहास, भ्रमर का बढ़ता साहस; करा देता कुछ प्रयास, दिखा देता आत्म प्रकाश ! आशाओं से भरा सन्देश, आलोकित होजाता अनायास; आलोक का लोक आवास, लोकातीत को दे जाता सुवास ! उद्घोष से उत्प्रेरित श्वाँस, बदल जाती शरीर का लिवास; ‘मधु’ का बढ़ जाता विश्वास, त्रिलोकी में हो जाता निवास !  

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लेख ईश्वर मनुष्यादि प्राणियों के सभी शुभाशुभ कर्मों का द्रष्टा व फलप्रदाता है

ईश्वर मनुष्यादि प्राणियों के सभी शुभाशुभ कर्मों का द्रष्टा व फलप्रदाता है

मनमोहन कुमार आर्य, देहरादून। यह समस्त दृश्यमान जगत ईश्वर ने बनाया है और वही इसका पालन कर रहा है। इस सृष्टि का इसकी अवधि पूरी…

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शख्सियत साहसी वीर देशभक्त अमर शहीद पं. चन्द्रशेखर आजाद

साहसी वीर देशभक्त अमर शहीद पं. चन्द्रशेखर आजाद

मनमोहन कुमार आर्य आज भारत माता के वीर, निर्भय साहसी और अद्भुद देशभक्त शहीद पं. चन्द्रशेखर आजाद जी का बलिदान दिवस है। चन्द्रशेखर आजाद जी…

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विविधा चीनी भाषा अध्ययन है, कठोर परिश्रम: भा. (१) 

चीनी भाषा अध्ययन है, कठोर परिश्रम: भा. (१) 

डॉ. मधुसूदन: मौलिक सारांश: संसार की कठिनतम भाषा है चीनी. कठोर परिश्रम से ही, चीनी अपनी भाषा सीखते हैं. शालेय शिक्षा के दस वर्ष प्रति-दिन…

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विविधा श्रेष्ठ अतीत श्रेष्ठ भविष्य

श्रेष्ठ अतीत श्रेष्ठ भविष्य

पिछले अनेक दशकों से देख रहा हूँ कि वामपंथी विचारधारा के लोगों को भारत की श्रेष्ठता की एक भी बात नजर नहीं आती। वे केवल…

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शख्सियत नुनदा– ट्रैजिक हीरो

नुनदा– ट्रैजिक हीरो

पिछले कुछ दिनों से नुनदा की यह तस्वीर मन को घेरे हुए हैं।  इस तस्वीर से कई एक तस्वीरें उभड़ने लगती हैं। नुनदा के बारे…

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कहानी उस बुजुर्ग की एक छोटी सी सीख ने बदल दी मेरी सोच  

उस बुजुर्ग की एक छोटी सी सीख ने बदल दी मेरी सोच  

तब मैं 11वीं का छात्र था और हास्टल में रहा करता था। मेरा हास्टल और इंटर कालेज मेरे गांव से 30 से 35 किमी ही…

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