विविधा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भारत-विरोध का अड्डा है

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भारत-विरोध का अड्डा है

यह 29 अप्रैल 2000 की घटना है. जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में उस वक्त भी एक सांस्कृतिक कार्यक्रम हुआ था. इसका आयोजक वामपंथी संगठन के छात्र-नेताओं…

Read more
शख्सियत अद्वितीय, अनुपम बलिदानी वीर हकीकत राय

अद्वितीय, अनुपम बलिदानी वीर हकीकत राय

अशोक “प्रवृद्ध” ऋतु परिवर्तन के संदेशवाहक पर्व वसंत पञ्चमी पर पतंगबाजी की प्रथा तथा वीर हकीकत की कथा का लाहौर निवासी वीर हकीकत राय से…

Read more
राजनीति विनाश बनाम विकास और छात्र राजनीति

विनाश बनाम विकास और छात्र राजनीति

डा. कुंदनलाल चौधरी की पंक्तियां हैं :- ‘‘तुम चकित करते हो मुझे, मेरे देश ! तुम एक भयंकर ‘गाजी’ को न केवल छूट दे देते हो जिसने वह…

Read more
राजनीति कश्मीरी छात्रों का जेएनयू में उत्पात

कश्मीरी छात्रों का जेएनयू में उत्पात

कश्मीर को लेकर जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी में कश्मीरी अल्पसंख्यक समुदाय के छात्रों ने संसद पर हमले के दोषी रहे अफजल गुरू की तीसरी बरसी के…

Read more
विधि-कानून हद्द है – अब न्यायपालिका के खिलाफ भी जिहाद ?

हद्द है – अब न्यायपालिका के खिलाफ भी जिहाद ?

 उपानंद ब्रह्मचारी शरीयत का प्रचार करने वाली मुस्लिम मौलवियों की सबसे शक्तिशाली संस्था जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने जो कुछ कहा वह सीधे भारत की संप्रभुता को…

Read more
कविता आज कोई याद मुझको !

आज कोई याद मुझको !

आज कोई याद मुझको, स्वप्न में आया किया; प्रीति में हर्षा रुला कर, प्राण को परशा किया ! प्रणव की हल्की फुहारें, छोड़ वह गाया…

Read more
कविता माँ शारदे, वर दे

माँ शारदे, वर दे

वरदायिनी माँ शारदे, वर दे मैं अल्पज्ञानी शरण में ले मुझे चरण में स्थान दे हे वागीश्वरी गहन है अँधेरा अज्ञान हर शब्दाक्षर दान दे…

Read more
विविधा मखौड़ा धाम

मखौड़ा धाम

डा. राधेश्याम द्विवेदी बस्ती एवं गोरखपुर का सरयूपारी क्षेत्र प्रागैतिहासिक एवं प्राचीन काल से मगध, काशी , कोशल तथा कपिलवस्तु जैसे ऐतिहासिक एवं धार्मिक नगरों,…

Read more
धर्म-अध्यात्म Default Post Thumbnail

ईश्वर का अवतार होना सत्य वैदिक सिद्धान्तों के विरुद्ध है।

मनमोहन कुमार आर्य महाभारत काल के बाद भारत में ज्ञान का लोप होने से अन्धकार फैला। ऐसे ही समय में वेद व वैदिक साहित्य से…

Read more
समाज बाल श्रम की जंजीरों में सिसकता बचपन

बाल श्रम की जंजीरों में सिसकता बचपन

एम. अफसर खां सागर बच्चों को देश का भविष्य माना जाता है। समाज व राष्ट्र के विकास को गति देने के लिए हमेशा से बच्चों…

Read more
कविता नयन विच निहारिका !

नयन विच निहारिका !

नयन विच निहारिका, दिखाती अपनी छटा; अधर अमृत की वर्षा, हर्ष ज्योतिर्मय घटा ! छिटकती छवि की आभा, नज़र की विपुल विधा; रिझाती ऋतम्भरा, हुए…

Read more
कविता आज कोई याद मुझको !

आज कोई याद मुझको !

आज कोई याद मुझको, स्वप्न में आया किया; प्रीति में हर्षा रुला कर, प्राण को परशा किया ! प्रणव की हल्की फुहारें, छोड़ वह गाया…

Read more