चुनाव राष्ट्रभक्ति का प्रवाह कहीं रूक न पाये

राष्ट्रभक्ति का प्रवाह कहीं रूक न पाये

-विनोद कुमार सर्वोदय- मुस्लिम समाज को मोदी जी का डर दिखाकर उनकी वोट लेने के लिये अन्य सभी पार्टियां एडी चोटी का जोर लगा रही…

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विविधा स्वराज की कामना और क्षत्रिय धर्म

स्वराज की कामना और क्षत्रिय धर्म

-कन्हैया झा- “सर्वे भवन्तु सुखिनः” लेखों की कड़ी के अंतर्गत धर्म, अर्थ, काम एवं मोक्ष-वर्णाश्रम के इन चार पुरुषार्थों में से धर्म एवं अर्थ पर…

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चुनाव बनारस- भारतीयता, सांस्कृतिक एकता का नाभिकुंड

बनारस- भारतीयता, सांस्कृतिक एकता का नाभिकुंड

-भारतचंद्र नायक- समर्थ भारत का आह्वान जलप्लावन के समय जब सृष्टि जलमग्न होने लगी, काशी विश्वनाथ ने अपने त्रिशूल पर पृथ्वी को स्थिर कर प्राणीमात्र…

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विविधा गिलानी के बयान के मायने

गिलानी के बयान के मायने

-अरविंद जयतिलक- कश्मीर में अलगाववाद को हवा-पानी मुहैया कराने वाले पाकिस्तानपरस्त आल पार्टी हुर्रियत कांफ्रेंस के कट्टरपंथी नेता सैयद अहमद शाह गिलानी का यह दावा…

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मीडिया फ़िक्सिंग का शिकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ?

फ़िक्सिंग का शिकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ?

-तनवीर जाफ़री- भारतीय संविधान में हालांकि मीडिया को लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में कहीं कोई मान्यता नहीं दी गई है। उसके बावजूद मीडिया…

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विविधा जैविक विविधता का सिमटता दायरा

जैविक विविधता का सिमटता दायरा

-देवेन्द्र कुमार- दशकों तक दक्षिण बिहार के किसानों को कथित आधुनिक खेती की तकनीक अपनाये जाने की प्रेरणा दी जाती रही, परंपरागत तकनीक और बीजों…

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चुनाव कहां से कहां आ गए हम!

कहां से कहां आ गए हम!

-फखरे आलम- 7 अप्रैल से पूर्व और 16 मई के मध्य! हम कहां से चले थे और आज कहां पहुंच गए। हमने प्रण लिया था…

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चुनाव बढ़ रहे मतदान प्रतिशत के मायने

बढ़ रहे मतदान प्रतिशत के मायने

-पियूष द्विवेदी- देश में आम चुनावों का मतदान जारी है। अब तक जितने चरणों का मतदान हुआ है, उसमे सबसे खास बात ये रही है…

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विविधा ढोंगी बाबा रामदेव का कलुषित चरित्र उजागर!

ढोंगी बाबा रामदेव का कलुषित चरित्र उजागर!

-डॉ. पुरुषोत्तम मीणा ‘निरंकुश’- रामदेव नाम का ढोंगी बाबा असल में कितने घिनौने चरित्र का और कितनी घटिया रुग्ण मानसिकता का शिकार है। जो दूसरों…

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जरूर पढ़ें सुप्रीम कोर्ट आखिर चाहता क्या है ?

सुप्रीम कोर्ट आखिर चाहता क्या है ?

-डॉ. पुरुषोत्तम मीणा ‘निरंकुश’- इस बात की चर्चा करनी होगी और चिन्तन भी करना होगा कि कानून की व्याख्या के नाम पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा…

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चुनाव सचमुच निराली है महिमा चुनाव की…!

सचमुच निराली है महिमा चुनाव की…!

-तारकेश कुमार ओझा- वाकई हमारे देश में होने वाले तरह-तरह के चुनाव की बात ही कुछ औऱ है। इन दिनों समूचे देश में सबसे बड़ा…

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चुनाव नरेन्द्र मोदी, मुस्लिम तुष्टीकरण और अखण्ड भारत का चुनाव

नरेन्द्र मोदी, मुस्लिम तुष्टीकरण और अखण्ड भारत का चुनाव

-डॉ. मनोज चतुर्वेदी- भारतीय लोकतंत्र की सोलहवीं लोकसभा का चुनावी बिगुल बज चुका है। 7 अप्रैल से 12 मई तक 9 चरणों में होने वाले…

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