भारतीय संस्कृति

“आधुनिक शिक्षा नारी को विलासिता की ओर ले जाती हैः आचार्य उमेशचन्द्र कुलश्रेष्ठ”

मनमोहन कुमार आर्य, वैदिक साधन आश्रम तपोवन-देहरादून में दिनांक 5 अक्टूबर, 2018 को दिन के

21 जून : भारत वंदन दिवस

जब संसार एक मौन क्रांति से बाहर निकलकर अर्थात अपने ‘द्विज’ बनने की साधना को पूर्ण करके अपनी साधना (संसार में सात्विक लोगों के संगठनीकरण की प्रक्रिया) से बाहर आएगा तो उस सफलता में भारत की बड़ी भूमिका होगी। निश्चय ही उस समय भारत का अतीत वर्तमान विश्व के मंचों पर विराजमान होगा और सारा संसार उसकी आरती कर रहा होगा। उस भव्य और दिव्य दिवस की आहट 21 जून ने दे दी है। अभी तो शुरूआत है। आने वाला समय निश्चय ही अच्छा होगा।

वेद, तंत्र एवं योग की त्रिवेणी है भारतीय संस्कृति

भारतीय ज्ञान-परंपरा के वाहक हैं अभिनवगुप्त : जे. नंदकुमार आचार्य अभिनवगुप्त की सहस्त्राब्दी वर्ष के