विश्ववार्ता जलवायु परिवर्तन समझौते को झटका June 7, 2017 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment ट्रंप की इस आत्मकेंद्रित मानसिकता का तभी अंदाजा लग गया था, जब इटली में दुनिया के सबसे धनी देशों के समूह जी-7 की शिखर बैठक में पेरिस संधि के प्रति वचनबद्धता दोहराने के संकल्प पर ट्रंप ने हस्ताक्षर करने से इंकार कर दिया था। ट्रंप ने तब जल्दी ही इस मसले पर अपनी राय स्पष्ट करने का संकेत दिया था। अब ट्रंप ने व्हाइट हाउस के रोज गार्डन में भाषण देकर अपना मत तो साफ किया ही, साथ ही भारत और चीन पर आरोप लगाया कि इन दोनों देशों ने विकसित देशों से अरबों डाॅलर की मदद लेने की शर्त पर समझौते पर दस्तखत किए हैं। Read more » Featured कार्बन उत्सर्जन जलवायु परिवर्तन भारत
पर्यावरण विश्ववार्ता पर्यावरण और विकास June 5, 2017 by अरुण तिवारी | Leave a Comment 05 जून – विश्व पर्यावरण दिवस पर विशेष पर्यावरणीय समृद्धि की चाहत, जीवन का विकास करती है, विकास की चाहत, सभ्यताओं का। सभ्यता को अग्रणी बनाना है, तो विकास कीजिए। जीवन का विकास करना है, तो पर्यावरण को समृद्ध रखिए। स्पष्ट है कि पर्यावरण और विकास, एक-दूसरे का पूरक होकर ही इंसान की सहायता कर […] Read more » विश्व पर्यावरण दिवस
विश्ववार्ता काबुल में बम फटते रहेंगे June 3, 2017 by डॉ. वेदप्रताप वैदिक | Leave a Comment काबुल में हुए बम-विस्फोट में लगभग 100 लोग मारे गए और चार सौ घायल हुए। यह बम-विस्फोट पिछले 20 वर्षों में सबसे भयानक था। यह कब हुआ ? तब जबकि अफगान लोग रमजान के उपवास रखे हुए हैं। रोज़ादार इंसानों की हत्या करने वाले लोग अपने आपको मुसलमान कहें तो उनको शर्म आनी चाहिए। ये […] Read more » Afghan America Kabul bombing Muslim pakistan काबुल जलालाबाद बम
विश्ववार्ता चिंताजनक हैं चीन के मंसूबे May 28, 2017 / May 28, 2017 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment संदर्भः- बीजिंग में आयोजित बेल्ट एंड रोड फोरम सम्मेलन प्रमोद भार्गव चीन ने बड़ी कूटनीतिक चाल चलते हुए बीजिंग में वन बेल्ट एंड वन रोड फोरम (ओबीओआर) का दो दिनी सम्मेलन आयोजित किया था। इसकी शुरूआत करते हुए चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा कि ‘सभी देशों को एक-दूसरे की संप्रभुता, गरिमा और क्षेत्रीय […] Read more » Featured ओबीओआर पाक अधिकृत' कश्मीर पाकिस्तान बीजिंग बेल्ट एंड रोड फोरम सिल्क रोड़ आर्थिक गलियारा
विश्ववार्ता कब थमेगा यह खूनी मंजर May 27, 2017 by ललित गर्ग | Leave a Comment हर आतंकवादी वारदात के बाद समय के साथ जख्म तो भर जाते हैं लेकिन इनका असर लम्बे समय तक बना रहता है। मानवता स्वयं को जख्मी महसूस करती है, घोर अंधेरा व्याप्त हो जाता है। यह जितना सघन होता है, आतंकियों का विजय घोष उतना ही मुखर होता है। आतंकवाद की सफलता इसी में आंकी जाती है कि जमीन पर जितने अधिक बेकसूर लोगों का खून बहता है, चीखें सुनाई देती है, डरावना मंजर पैदा होता है उतना ही आतंकवादियों का मनोबल दृढ़ होता है, हौसला बढ़ता है। इन घटनाओं के बाद उन मौत के शिकार हुए परिवारों के हिस्से समूची जिन्दगी का दर्द और अन्य लोगों के जीवन में इस तरह की घटनाओं का डर - ये घटनाएं और यह दर्द जितना ज्यादा होगा, आतंकवादियों को सुकून शायद उतना ही ज्यादा मिलेगा। इससे उपजती है अलगाव की आग, यह जितनी सुलगे कट्टरपंथियों की उतनी ही बड़ी कामयाबी। Read more » Featured आईएस आतंकवाद ब्रिटेन के मैनचेस्टर शहर में एक संगीत कार्यक्रम के दौरान हुए आतंकी हमले
विश्ववार्ता मून तथा मांक्रों का उदय : अमेरिकी चाल के पतन के संकेत May 27, 2017 by सज्जाद हैदर | Leave a Comment युद्धविराम होने तक 40 हजार संयुक्त राष्ट्र सैनिक, जो कि 90 प्रतिशत अमेरिकी सैनिक थे, मारे जा चुके थे। उत्तर कोरिया और उसके साथी देशों के संभवत: 10 लाख तक सैनिक मारे गये। मारे गये सैनिक एवं नागरिकों की संख्या 20 लाख आँकी जाती है। आज भी कई हजार अमेरिकी सैनिक दक्षिण कोरिया में तैनात हैं, ताकि उत्तर कोरिया अचानक फिर कोई आक्रमण करने का दुस्साहस न करे। दूसरी ओर, भारी आर्थिक कठिनाइयों और संभवत: आंशिक भुखमरी के बावजूद उत्तर कोरिया ने भी 12 लाख सैनिकों वाली भारत के बराबर की संसार की एक सबसे बड़ी सेना पाल रखी है। Read more » Featured दक्षिण कोरिया मून जाए-इन
विश्ववार्ता मोदी की श्रीलंका यात्रा -कहीं पे निगाहें, कहीं पे निशाना May 25, 2017 / May 25, 2017 by ओंकारेश्वर पांडेय | Leave a Comment प्रधानमंत्री मोदी ने श्रीलंका के साथ सांस्कृतिक संबंधों को आधार बनाकर रिश्ते सुधारने की शानदार पहल की है। श्रीलंकाई लोग बहुतायत से जिस बौद्ध धर्म के अनुयायी हैं, उसके प्रवर्तक महात्मा बुद्ध का जन्मस्थान भारत है। बौद्ध धर्म के संदेश के जरिए मोदी ने तमिल राजनीति की गंदगी से दोनों देशों के बीच के संबंधों को दूर ले जाकर सांस्कृतिक एकता के दायरे में ले आने की कोशिश की है। दोनों देशों के बीच धार्मिक व सांस्कृतिक एकता बढ़ने से न सिर्फ दोनों देशों के बीच 2500 वर्ष से चले आ रहे संबंधों में फिर से गर्मी आएगी, बल्कि भारत खुद को एक ऐसी सौहार्द्रपूर्ण शक्ति के रूप में पेश कर सकता है, जिसे श्रीलंका के सिर्फ विकास और कल्याण में दिलचस्पी है। Read more » Featured Modi Srilanka trip of Modi मोदी की श्रीलंका यात्रा
विश्ववार्ता रियाद में ट्रंप का शीर्षासन May 24, 2017 by डॉ. वेदप्रताप वैदिक | Leave a Comment रात्रि-भोज के पहले वे महल में नाचे भी। यह सब नाटक क्यों किया, ट्रंप ने ? क्योंकि सउदी अरब के साथ 350 अरब डालर के रक्षा-समझौते और 200 बिलियन के व्यापारिक समझौते हुए हैं। किसी छोटे-मोटे देश का सालाना बजट इतना बड़ा होता है। अमेरिका की थकी-मांदी अर्थ-व्यवस्था के लिए ये समझौते छोटे-मोटे सहारा बनेंगे। उधर सउदी अरब की जमकर तेल-मालिश भी हुई। ट्रंप ने बेवजह ईरान को कोसा। उसे आतंकवादी बताया। बादशाह सलमान के सुर में सुर मिलाया। ट्रंप शायद भूल गए कि ईरान में हसन रुहानी दुबारा राष्ट्रपति बन गए हैं। वे नरमपंथी हैं और अमेरिका से ईरान के संबंधों को सुधारना चाहते हैं। ट्रंप के विदेश मंत्री रेक्स टिलरसन ने उनको शुभकामना देने की बजाय उपदेश झाड़ा कि रुहानी अपना प्रक्षेपास्त्र कार्यक्रम बंद करें और आतंकवाद को बढ़ावा न दें। Read more » अमेरिकी राष्ट्रपति अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान डोनाल्ड ट्रंप
विश्ववार्ता चीनः भारत कोप-भवन में क्यों बैठे? May 15, 2017 by डॉ. वेदप्रताप वैदिक | Leave a Comment वह क्षेत्र कानूनी तौर पर भारत का है। यह भारतीय संप्रभुता का उल्लंघन है। यह बात कागजी तौर पर सही है लेकिन सच्चाई क्या है? भारत की सरकार ने इस क्षेत्र को वापस लेने के लिए आज तक क्या किया है? कुछ नहीं। वह कभी उसे लेने का दावा भी नहीं करती। मुझे खुशी है कि सुषमा स्वराज आजकल उसके बारे में कभी-कभी बोल देती हैं। हमारे नेताओं को शायद पता नहीं है कि 1963 में हुए एक समझौते के तहत पाक ने चीन को इस क्षेत्र की 5180 वर्ग किमी जमीन भेंट कर दी थी। भारत इस समझौते को गैर-कानूनी मानता है। नेताओं को यह भी पता नहीं होगा कि इस समझौते की धारा 6 में कहा गया है कि कश्मीर-समस्या का स्थायी हल निकलने पर इस पर पुनर्विचार होगा। Read more » China India News One Belt One Road (OBOR) pakistan POK चीन नरेंद्र मोदी श्रीलंका
विश्ववार्ता फ्रांस में नए सूर्य का उदय May 10, 2017 by डॉ. वेदप्रताप वैदिक | Leave a Comment मेक्रों फ्रांस के शायद ऐसे पहले राष्ट्रपति हैं, जिनकी संसद में उनका एक भी सांसद नहीं है। यदि अगले माह जून में होने वाले संसदीय चुनावों में उनकी पार्टी बहुमत ले पाई तो वे राष्ट्रपति के तौर पर अपना काम आसानी से कर सकेंगे। यों भी फ्रांस के 25 प्रतिशत युवा बेरोजगार हैं, आर्थिक स्थिति असंतोषजनक है, आतंक का खतरा बना हुआ है और जातीय तनाव भी कायम है। यूरोपीय आर्थिक समुदाय भी आजकल संकटग्रस्त है। अमेरिका के ट्रंप और रुस के पुतिन इस परिस्थिति का फायदा उठाना चाहते हैं। Read more » Featured इमेन्युअल मेक्रों फ्रांस
विश्ववार्ता दक्षिण कोरिया का बुसन सबसे बड़ा नगर May 2, 2017 by डा. राधेश्याम द्विवेदी | Leave a Comment कोरियाई भाषा यहाँ की आधिकारिक भाषा है जो अल्टिक भाषा परिवार से सम्बन्धित है। कोरियाई लेखन लिपि, हांगुल, का आविष्कार 1446 में राजा सेजोंग के काल में हुआ था जिसका उद्देश्य अपनी प्रजा में शिक्षा का प्रसार करना था। हुन्मिन जिओंगिउम की शाही उद्घोषणा में चीनी वर्णों को एक आम व्यक्ति द्वारा सीखना बहुत कठिन माना जाता था, जिसका शाब्दिक अर्थ है "ध्वनियां जो लोगों को सिखाने के लिए उपयुक्त हैं"। कोरियाई लिपि, चीनी लेखन लिपि से भिन्न है क्योंकि यह ध्वन्यात्मक कोरियाई से भिन्न है। बहुत से मौलिक शब्द कोरियाई में चीनी भाषा से लिए गए और वृद्ध कोरियाई अभी भी हाञ्जा में लिखते हैं, जो चीनी चित्रलिपि और जापानी काञ्जी के समान है, क्योंकि जापानी शासनकाल के दौरान कोरियाई में बोलना और लिखना प्रतिबन्धित था। 2000 में सरकार ने रोमनीकरण प्रणाली लाने का निर्णय लिया। अंग्रेज़ी अधिकान्श प्राथमिक विद्यालयों में द्वितीय भाषा के रूप में पढ़ाई जाती है। इसके अतितिक्त माध्यमिक विद्यालयों में दो वर्षों तक चीनी, जापानी, फ़्रान्सीसी, जर्मन, या स्पेनी भाषाएं भी पढ़ाई जाती हैं। Read more » Busan South Korea दक्षिण कोरिया बुसन
विश्ववार्ता बोस्टन, संयुक्त राज्य अमेरिका पुराना शहर May 2, 2017 by डा. राधेश्याम द्विवेदी | Leave a Comment बोस्टन की यात्रा के दौरान आप फ्रीडम ट्रेल का भ्रमण कर अमेरिकी इतिहास के बारे में बहुत कुछ जान सकते हैं। इस चार किलोमीटर लंबे भ्रमण के दौरान आप अमेरिकी क्रांति के बारे में जान सकते हैं। इतिहास के पाठ जानने के बीच आपको ऐसी जगह पर कुछ खाने-पीने का मौका भी मिल सकता है जहां 2013 के बोस्टनवासी अक्सर जाते रहते हैं। प्रस्तुत है बोस्टन॒ के स्थानीय दर्शनीय स्थलों और लोकप्रिय ठिकानों की जानकारी। Read more » बोस्टन