लेख स्वामी नरसिंहानंद जी की सुरक्षा में विलम्ब क्यों_? June 10, 2021 / June 10, 2021 by विनोद कुमार सर्वोदय | Leave a Comment आज हिन्दू धर्म क्रान्ति के सजग योद्धा यति नरसिंहानंद सरस्वती जी के जीवन पर भारी संकट मंडरा रहा है। विश्व के समस्त जिहादियों ने स्वामी जी का “सर तन से जुदा” करने का खुलेआम ऐलान कर रखा है।जिहादियों के षडयंत्रों की पूर्ण जानकारी होने के उपरान्त भी प्राप्त समाचारों के अनुसार शासन द्वारा स्वामी जी […] Read more » Why the delay in the security of Swami Narasimhanand स्वामी नरसिंहानंद जी की सुरक्षा स्वामी नरसिंहानंद जी की सुरक्षा में विलम्ब क्यों
लेख विश्व जल-संकट में भूगर्भ जल संस्कृति का महत्व June 9, 2021 / June 9, 2021 by ललित गर्ग | Leave a Comment ललित गर्ग विश्व भूगर्भ जल दिवस 10 जून को मनाया जाता है, पीने योग्य पानी का मुख्य स्रोत भूगर्भ जल ही है, मगर अनियोजित औद्योगीकरण, बढ़ता प्रदूषण, घटते रेगिस्तान एवं ग्लेशियर, नदियों के जलस्तर में गिरावट, पर्यावरण विनाश, प्रकृति के शोषण और इनके दुरुपयोग के प्रति असंवेदनशीलता पूरे विश्व को एक बड़े जल संकट की […] Read more » Importance of Groundwater Culture in the World Water Crisis भूगर्भ जल संस्कृति का महत्व विश्व भूगर्भ जल दिवस विश्व भूगर्भ जल दिवस 10 जून
राजनीति लेख आर्य अनार्य का विमर्श June 8, 2021 / June 8, 2021 by प्रवीण गुगनानी | Leave a Comment संदर्भ: बिरसा मुंडा बलिदान दिवस बिरसा मुंडा महान क्रांतिकारी थे, जनजातीय समाज को साथ लेकर उलगुलान किया था उन्होने। उलगुलान अर्थात हल्ला बोल, क्रांति का ही एक देशज नाम। वे एक महान संस्कृतिनिष्ठ समाज सुधारक भी थे, वे संगीतज्ञ भी थे जिन्होंने सूखे कद्दू से एक वाद्ध्ययंत्र का भी अविष्कार किया था जो अब भी […] Read more » birsa munda sacrifice day आर्य अनार्य का विमर्श बिरसा मुंडा बलिदान दिवस
लेख अंग संस्कृति का अंग भंग कर बना संथाल परगना झारखण्ड June 8, 2021 / June 8, 2021 by विनय कुमार'विनायक' | Leave a Comment —विनय कुमार विनायकयह अंगभूमि,अंग संस्कृति एवं अंगिका भाषी समाज की विडंबना ही है कि सर्वाधिक प्राचीन भूगोल एवं गौरवशाली इतिहास वालापौराणिक अंग जनपद सदा से राजनैतिक छल-छंदों का शिकार होकर अंग-भंग होता रहा है। शायद देवाधिदेव महादेव के क्रोध सेकामदेव के अंग की भष्मी को अपने में समाहित करके अंग संज्ञाधारी इस वसंत भूमि के […] Read more » संथाल परगना झारखण्ड
लेख आचार्य ऋषभचन्द्र का मौन हो जाना June 8, 2021 / June 8, 2021 by ललित गर्ग | Leave a Comment ललित गर्ग- प्रख्यात जैन आचार्य, मोहनखेड़ा तीर्थ विकास प्रेरक व ज्योतिषाचार्य ऋषभचंद्र सूरीश्वरजी का 2 जून, 2021 की मध्यरात्रि में इंदौर के मोहक अस्पताल में देवलोकगमन हो गया। 64 वर्षीय जैन संत कोविड संक्रमित थे और पिछले छह दिन से उनका मोहक अस्पताल में सघन इलाज चल रहा था। साइटो काइंड स्टार्म के कारण उनके […] Read more » Acharya Rishabchandra's demise आचार्य ऋषभचन्द्र
पर्यावरण लेख जलवायु परिवर्तन से जुड़े हैं चक्रवाती तूफ़ान June 7, 2021 / June 7, 2021 by ललित कुमार कुचालिया | Leave a Comment -डॉ. ललित कुमारपिछले कुछ वर्षों से चक्रवाती तूफ़ान की मार भारत के समुद्री तटवर्तीय क्षेत्रों में ज्यादा देखने को मिल रही है। इसके चलते इन इलाकों में भयंकर तबाही का कहर राज्यों के बजट पर सीधा असर डाल रहा है। जलवायु परिवर्तन की वजह से देश के समुद्री क्षेत्रों या मैदानी भागों में बेमौसम बरसात […] Read more » Climate Change Cyclonic storms Cyclonic storms linked to climate change जलवायु परिवर्तन
लेख भारत : नामकरण एवं परंपरा June 7, 2021 / June 7, 2021 by वीरेन्द्र परमार | Leave a Comment भारत की पुण्य भूमि में जन्म लेना मनुष्य का परम सौभाग्य माना जाता है I देवताओं, ऋषियों और मुनियों ने भी इस पावन भूमि की प्रशंसा की है I भारत भूमि का एक टुकड़ा मात्र नहीं है, बल्कि यह हजारों वर्षों की ज्ञान परंपरा है, ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ का उद्घोष है, ऋग्वेद की ऋचाएं हैं, गौतम […] Read more » India: Nomenclature and Tradition नामकरण एवं परंपरा भारत भारत : नामकरण
लेख कोरोना काल में झोलाछाप डॉक्टरों के भरोसे ग्रामीणों का जीवन June 5, 2021 / June 5, 2021 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment अमृतांज इंदीवर मुज़फ़्फ़रपुर, बिहार कोरोना की दूसरी लहर का प्रभाव भले ही धीरे धीरे कम हो रहा है, लेकिन इसका खौफ अब भी शहर से लेकर गांव तक देखा जा सकता है। चारों तरफ चीख, पुकार, मदद की गुहार, सांसों को थामे रखने के लिए जद्दोजहद ने हमारी स्वास्थ्य व्यवस्था की पोल खोल कर रख […] Read more » कोरोना काल झोलाछाप डॉक्टरों के भरोसे ग्रामीणों का जीवन
पर्यावरण लेख धरती की सुरक्षा का घेरा है ओजोन परत June 4, 2021 / June 4, 2021 by डॉ शंकर सुवन सिंह | Leave a Comment डॉ. शंकर सुवन सिंह मानव प्रकृति का हिस्सा है। प्रकृति व मानव एक दूसरे के पूरक हैं। प्रकृति के बिना मानव की परिकल्पना नहीं की जा सकती। प्रकृति दो शब्दों से मिलकर बनी है – प्र और कृति। प्र अर्थात प्रकृष्टि (श्रेष्ठ/उत्तम) और कृति का अर्थ है रचना। ईश्वर की श्रेष्ठ रचना अर्थात सृष्टि। प्रकृति […] Read more » Ozone layer Ozone layer is the circle of protection of the earth world environment day
टेलिविज़न मनोरंजन मीडिया लेख एजेंडा सेटिंग नहीं, लोकमंगल है मीडिया का धर्म June 4, 2021 / June 4, 2021 by संजय द्विवेदी | Leave a Comment -प्रो.संजय द्विवेदी शानदार जनधर्मी अतीत और उसके पारंपरिक मूल्यों ने मीडिया को समाज में जो आदर दिलाया है, वह विलक्षण है। हिंदी पत्रकारिता की नींव में ही संस्कारों का पाठ है और गहरा मूल्यबोध उसकी चेतना में रचा-बसा है। 30 मई,1826 को कोलकाता से जब पं. युगुल किशोर शुक्ल ने उदंत मार्तंण्ड का प्रकाशन प्रारंभ […] Read more » Agenda setting Lokmangal is the religion of media लोकमंगल है मीडिया का धर्म
पर्यावरण लेख विकास की अंधी दौड़ में मनुष्य कर रहा प्रकृति का नाश June 4, 2021 / June 4, 2021 by ब्रह्मानंद राजपूत | Leave a Comment हर साल पूरे विश्व में पांच जून को पर्यावरण दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। पर्यावरण दिवस पर्यावरण के संरक्षण के लिए शपथ लेने का दिन है। सभी लोगों को आज के दिन इस प्रकृति और पर्यावरण को सहेजने की जिम्मेदारी लेनी चाहिये। संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित यह दिवस पर्यावरण के प्रति अंतर्राष्ट्रीय […] Read more » world environment day 05 ju विश्व पर्यावरण दिवस 05 जून
पर्यावरण लेख भारतीय धरा हमारी मां है अतः पर्यावरण संरक्षण हमारा नैतिक कर्तव्य है June 4, 2021 / June 4, 2021 by प्रह्लाद सबनानी | Leave a Comment मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया के अनुसार, पर्यावरण शब्द ‘परि+आवरण’ के संयोग से बना है। ‘परि’ का आश्य चारों ओर तथा ‘आवरण’ का आश्य परिवेश है। पर्यावरण के दायरे में इसलिए वनस्पतियों, प्राणियों और मानव जाति सहित सभी सजीवों और उनके साथ संबंधित भौतिक परिसर को शामिल किया जाता है। वास्तव में पर्यावरण में जल, अग्नि, वायु, […] Read more » environment day पर्यावरण संरक्षण पर्यावरण संरक्षण हमारा नैतिक कर्तव्य