कविता:काश मै खुदा होता
Updated: August 4, 2012
पियूष द्विवेदी बहुत जलन होती है, आकाश में इतराते हुए, अपनी पाँखे फैलाके, उड़ती चिड़िया को देखकर | नहीं सह पाता हूँ, उसके पाँखों को,…
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थोड़ा दूसरों के लिये भी सोचें
Updated: August 4, 2012
रामस्वरूप रावतसरे नरेंद्रनाथ ने रामकृष्ण देव से कहा – ठाकुर ! मुझे एकांत में समाधि लगानी है । मुझे ऐसा करने में बहुत आन्नद आता…
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कितनी छुट्टियां मनाएंगे हम ?
Updated: August 6, 2012
विजय कुमार भारत की अनेक विशेषताएं हैं, जो इसे दुनिया के अन्य देशों से बिल्कुल अलग खड़ा कर देती हैं। इनमें से एक है सरकारी…
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धरातल के आईने में टीम अन्ना का ‘चुनावी बिगुल’
Updated: August 4, 2012
तनवीर जाफरी टीम अन्ना द्वारा छेड़ी गई भ्रष्टाचार विरोधी मुहिम अपने निर्णायक दौर से गुज़रती नज़र आ रही है। गत् 2 अगस्त(बृहस्पतिवार) अर्थात् अन्ना हज़ारे…
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अरविंद केजरीवाल का ‘स्वराज’
Updated: August 11, 2012
आर. सिंह अन्ना हज़ारे ने इस पुस्तक के मुख्य आवरण पृष्ठ पर लिखा है, “यह किताब व्यवस्था-परिवर्तन और भ्रष्टाचार के खिलाफ हमारे आंदोलन का घोषणा…
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अन्ना के समर्थकों के समक्ष निराशा का आसन्न संकट?
Updated: August 3, 2012
डॉ. पुरुषोत्तम मीणा ‘निरंकुश’ आखिरकार अन्ना ने सत्ता के बजाय व्यवस्था को बदलने के लिये कार्य करने की सोच को स्वीकार कर ही लिया है।…
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स्त्रियों का आदर करें
Updated: August 3, 2012
डॉ. दीपक आचार्य आधे आसमाँ को दें पूरा सम्मान स्त्रियों का आदर करें मनुष्य के जीवन में सफलता के लिए पुरुष और प्रकृति का पारस्परिक…
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सिर्फ नक्सल ही समस्या नहीं है
Updated: August 3, 2012
शम्स तमन्ना देश के कुछ राज्य ऐसे हैं जिनके बारे में आप आम आदमी से भी पूछिए तो वह किसी मंझे हुए राजनीतिज्ञ की तरह…
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कृषि जागरूकता की अधूरी पहल
Updated: August 3, 2012
सतीश कुमार यादव इस साल मौसम की बेरूखी ने जितना किसानों को प्रभावित किया है उससे कहीं अधिक सरकार चिंतित है। अब तक 20 फीसदी…
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और भी हैं बदनसीब जफ़र दफ्न के लिए
Updated: August 3, 2012
आशुतोष शर्मा अपने देश से मुहब्बत इंसान की प्राकृतिक देन है। हजारों मील दूर रहने के बावजूद वह जन्मभूमि को चाहकर भी भूल नहीं पाता…
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घटते सामाजिक मूल्यों के जिम्मेदार हम तो नही?
Updated: August 3, 2012
रामस्वरूप रावतसरे हमारा संस्कार युक्त भारतीय समाज अपराधवृति प्रकार हो गया है । जिस किसी की भी बात सुनों वह अपराध की ही बात करेगा।…
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अन्ना आंदोलन : श्राद्ध अभी बाकी है मेरे दोस्त!
Updated: August 3, 2012
जगमोहन फुटेला देहात की एक पुरानी कहावत है कि किसी से बदला लेना हो तो उस के बेटे को कार ले के दे दो. पहले…
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