लेख तमाशा बनते अवसरवादी ‘धर्म परिवर्तन’ December 12, 2021 / December 12, 2021 by तनवीर जाफरी | 2 Comments on तमाशा बनते अवसरवादी ‘धर्म परिवर्तन’ तनवीर जाफ़री Read more » Opportunistic religion change अवसरवादी धर्म परिवर्तन धर्म परिवर्तन
लेख मनुष्य और परमात्मा का मूल्यवान संवाद है ‘गीता’ December 12, 2021 / December 12, 2021 by प्रमोद भार्गव | 1 Comment on मनुष्य और परमात्मा का मूल्यवान संवाद है ‘गीता’ संदर्भः गीता जयंती 14 दिसंबर पर विशेष- प्रमोद भार्गवश्रीमद्भगवत् गीता देश का सर्वाधिक लोकप्रिय एवं पवित्र ग्रंथ है। इसे विद्वानों ने ‘परमात्मा का गीत’ भी कहा है। परंतु वास्तव में यह मनुष्य और प्रकृति के बीच ऐसा मूल्यवान संदेश है, जो ब्रह्मांडीय ज्ञान को विज्ञान से जोड़ने के साथ मनुष्य को अपने जीवन मूल्य और […] Read more » Geeta Jayanti 14 December गीता जयंती 14 दिसंबर
लेख समाज कृषि क्षेत्र में भी लैंगिक असमानता, कैसे आगे बढ़ें आधी आबादी?… December 11, 2021 / December 11, 2021 by सोनम लववंशी | Leave a Comment सोनम भारतीय मीडिया या यूं कहें टीवी पत्रकारिता के दौर में जनसरोकार के विषय नदारद ही दिखते हैं। लेकिन बीते दिनों एक ऐसा मामला निकलकर सुर्खियों में आया। जो अपना एक व्यापक सरोकार रखता है। जी हां कहने को तो भारतीय संविधान में समानता और स्वतंत्रता की लंबी- चौड़ी बातें लिखी हुईं हैं। फिर भी […] Read more » Gender inequality even in agriculture how to proceed with half the population? कृषि क्षेत्र में भी लैंगिक असमानता
लेख यदि ईश्वर न होता तो क्या संसार का अस्तित्व होता? December 11, 2021 / December 11, 2021 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment -मनमोहन कुमार आर्यहमारे इस संसार में जन्म लेने से पूर्व से ही यह संसार इसी प्रकार व्यवस्थित रुप से चल रहा है। हमसे पूर्व हमारे माता-पिता, उससे पूर्व उनके माता-पिता और यही परम्परा सृष्टि के आरम्भ से चली आ रही है। इस परम्परा का आरम्भ कब व कैसे हुआ? इसका उत्तर है कि यह परम्परा […] Read more » If there was no God would the world exist? ईश्वर न होता तो क्या संसार का अस्तित्व होता
लेख वेदों का सत्यस्वरूप, ईश्वर विषयक वेद-विचार और ऋषि दयानन्द December 11, 2021 / December 11, 2021 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment -मनमोहन कुमार आर्ययह निर्विवाद है कि मूल वेद संहितायें ही संसार में सबसे पुरानी पुस्तकें हैं। वेद शब्द का अर्थ ज्ञान होता है। अतः चार वेद ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद तथा अथर्ववेद ज्ञान की पुस्तकें हैं। इन चारों वेदों पर ऋषि दयानन्द का आंशिक और अनेक आर्य वैदिक विद्वानों का सभी वेदों पर भाष्य वा टीकायें […] Read more » Truth of Vedas Vedas and thoughts about God and Sage Dayanand ईश्वर विषयक वेद-विचार और ऋषि दयानन्द
लेख शख्सियत बिपिन रावतः सेना को 21वीं सदी में ले जाने वाला नायक December 9, 2021 / December 9, 2021 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment प्रमोद भार्गवप्रशंसा और चापलूसी से दूर रहने वाले अप्रतिम योद्धा एवं तीनों सेनाओं के समन्यवयक (चीफ आॅफ डिफेंस) बिपिन रावत ने एक टीवी कार्यक्रम में कहा था कि ‘खामोशी से बनाते रहो पहचान अपनी, हवाएं खुद तुम्हारा तराना गाएंगी।’ तमिलनाडू के पर्वतीय क्षेत्र में हेलिकॉप्टर दुर्घटना में शहादत के बाद बिपिन रावत की उपलब्धियों के […] Read more » Bipin Rawat Bipin Rawat: The hero who took the army into the 21st century बिपिन रावत
पर्यावरण लेख क्या वायु प्रदूषण की ‘स्थाई चादर’ लपेट चुका है ‘राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र ‘ दिल्ली December 8, 2021 / December 8, 2021 by निर्मल रानी | Leave a Comment निर्मल रानीअन्य विकासशील देशों की ही तरह भारत भी निरंतर वायु प्रदूषण की चपेट में रहने वाले देशों की सूची में अपना नाम शामिल करा चुका है। ख़ास तौर पर दिल्ली व उसके आस पास का राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र तो लगभग पूरा वर्ष और चौबीस घंटे घोर प्रदूषण की चपेट में रहने लगा है। दिल्ली […] Read more » वायु प्रदूषण
लेख स्वास्थ्य-योग हौआ नहीं है ओमिक्रॉन December 8, 2021 / December 8, 2021 by प्रमोद भार्गव | 1 Comment on हौआ नहीं है ओमिक्रॉन प्रमोद भार्गव दक्षिण अफ्रीका से निकले कोरोना विषाणु के नए स्वरूप (वैरिएंट) के अवतरित होने के बाद भारत समेत दुनिया दहशत के साथ चिंता में है। इसका इतना हौआ बना दिया गया है कि कानपुर के एक चिकित्सक ने ओमिक्रोन के डर से अपनी पत्नी समेत दो बच्चों की हत्या कर दी।जबकि अब तक किसी […] Read more » omicron ओमिक्रॉन
धर्म-अध्यात्म लेख वैदिक कर्म-फल सिद्धान्त सत्य नियमों पर आधारित यथार्थ दर्शन है December 8, 2021 / December 8, 2021 by मनमोहन आर्य | 2 Comments on वैदिक कर्म-फल सिद्धान्त सत्य नियमों पर आधारित यथार्थ दर्शन है -मनमोहन कुमार आर्यवैदिक धर्म सृष्टि का सबसे पुराना धर्म है। यह धर्म न केवल इस सृष्टि के आरम्भ से प्रचलित हुआ है अपितु इससे पूर्व जितनी बार भी प्रलय व सृष्टि हुई हैं, उन सब सृष्टि कालों में भी एकमात्र वैदिक धर्म ही पूरे विश्व में प्रवर्तित रहा है। इसका कारण यह है कि ईश्वर, […] Read more » Vedic Karma-False Siddhanta is a real philosophy based on true rules. वैदिक कर्म-फल सिद्धान्त
राजनीति लेख रोमिला थापर का पाखंडी स्वरूप December 6, 2021 / December 6, 2021 by शंकर शरण | Leave a Comment डॉ शंकर शरण भारतीय परंपरा में साधुओं के साथ-साथ शिक्षकों, विद्वानों को भी सहज सम्मान देने की प्रवृत्ति रही है, लेकिन जिस तरह रंगे कपड़े पहनकर नकली लोग भी कई बार “साधु” कहला लेते हैं, उसी तरह बड़े अकादमिक पद पर रहकर सामान्य लफ्फाज भी “विद्वान” कहलाते हैं। एक उदाहरण से इसे समझा जा सकता […] Read more » Romila Thapar The hypocritical form of Romila Thapar रोमिला थापर का पाखंडी स्वरूप
लेख जीवन की सफलता हेतु वेदाध्ययन की आर्ष-शिक्षा पद्धति को अपनाना आवश्यक December 6, 2021 / December 6, 2021 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment -मनमोहन कुमार आर्यसंसार में अनेक भाषायें हैं। इन भाषाओं की अपनी-अपनी व्याकरण प्रणालियां हैं। संसार की प्रथम भाषा संस्कृत है। संस्कृत का आरम्भ सृष्टि के आरम्भ में परमात्मा के चार ऋषियों को वेद ज्ञान के उपदेश से हुआ। यह चार ऋषि थे अग्नि, वायु, आदित्य और अंगिरा तथा यह उपदेश चार वेद ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद […] Read more » For the success of life it is necessary to adopt the method of education of Vedas. वेदाध्ययन की आर्ष-शिक्षा पद्धति को अपनाना आवश्यक
लेख सीमा सुरक्षा बल के समक्ष दरपेश चुनौतियां December 6, 2021 / December 6, 2021 by तनवीर जाफरी | Leave a Comment तनवीर जाफ़री Read more » Challenges before the Border Security Force सीमा सुरक्षा बल के समक्ष चुनौतियां