समाज भारत में सेवा और सार्वजनिक सम्पत्ति….. January 12, 2017 by अनिल अनूप | 2 Comments on भारत में सेवा और सार्वजनिक सम्पत्ति….. -अनिल अनूप सेवा और धर्मान्तरण बहुत लोगों के लिए बड़ा मुद्दा बन गया है. लेकिन स्वयं सेवा और सर्वजन हिताय सामूहिक प्रयास की प्रेरणा का होना या न होना किसी के लिए मुद्दा नहीं है. मुझे लगता है कि सेवा से धर्मान्तरण को जोड़कर देखने के बजाय भारतीय समाज में सेवा की धारणा के न […] Read more » भारत में सेवा सार्वजनिक सम्पत्ति
शख्सियत समाज स्वामी विवेकानंद से प्रेरणा लें युवा January 12, 2017 / January 12, 2017 by डॉ. सौरभ मालवीय | Leave a Comment राष्ट्रीय युवा दिवस 12 जनवरी पर विशेष -डॊ.सौरभ मालवीय युवा शक्ति देश और समाज की रीढ़ होती है. युवा देश और समाज को नए शिखर पर ले जाते हैं. युवा देश का वर्तमान हैं, तो भूतकाल और भविष्य के सेतु भी हैं. युवा देश और समाज के जीवन मूल्यों के प्रतीक हैं. युवा गहन ऊर्जा […] Read more » Featured swami vivekanand राष्ट्रीय युवा दिवस स्वामी विवेकानंद
समाज परचम लहराती नसीमा… January 10, 2017 by अनिल अनूप | 3 Comments on परचम लहराती नसीमा… -अनिल अनूप बिहार के मुजफ़्फ़रपुर जिले के चतुर्भुज स्थान नामक जगह पर स्थित वेश्यालय का इतिहास मुगलकालीन है ।यह जगह भारत नेपाल सीमा के पास है । इसका नाम वहां स्थित प्राचीन चतुर्भुज मंदिर के नाम पर है। यहां तकरीबन दस हजार की आबादी है और वेश्यावृत्ति परिवारिक पारंपरिक पेशा है यानी मां के बाद […] Read more » परचम बिहार मुजफ़्फ़रपुर जिले के चतुर्भुज स्थान
समाज तीन तलाक़ के बीच हरीश रावत का कमाल January 8, 2017 by डॉ. कुलदीप चन्द अग्निहोत्री | Leave a Comment डा० कुलदीप चन्द अग्निहोत्री भारत के मुस्लिम जगत में बबाल मचा हुआ है । मुस्लिम महिलाएँ और मुल्ला मौलवी मुट्ठियाँ ताने आमने सामने खड़े हैं । मौलवियों की सत्ता को भारत में इतनी तगड़ी चुनौती शायद इससे पहले कभी नहीं मिली । कोढ में खाज यह , कि चुनौती भी महिलाओं से मिल रही है […] Read more » Featured Teen Talaq by email Teen Talaq by muslims Teen Talaq by sms triple talaq इलाहाबाद उच्च न्यायालय इस्लाम पर हमला केरल उच्च न्यायालय तीन तलाक न्यायाधीश मोहम्मद मुश्ताक़ मुल्ला मौलवियों की दादागिरी के ख़िलाफ़ मुस्लिम महिलाएं हरीश रावत का कमाल
समाज हैवानियत का नया साल January 6, 2017 by विपिन किशोर सिन्हा | Leave a Comment बंगलोर को बड़े शहरों में लड़कियों के लिए अपेक्षाकृत सुरक्षित माना जाता है। यही कारण है कि सुदूर बिहार और यू.पी. से भी लड़कियां यहां इन्जीनियरिंग, मेडिकल और मैनेजमेन्ट पढ़ने के लिए अकेले आ जाती हैं और अकेले रहकर ही पढ़ाई भी पूरी कर लेती हैं। यही नहीं यहां नौकरी भी अकेले रहकर कर लेती […] Read more » molestation case in Bangalore new year of sedetion and molestation बंगलोर बंगलोर लड़कियों के लिए अपेक्षाकृत सुरक्षित मोलेस्टेशन शराब पीकर इन्सानियत की हद पार
समाज तुम न बदले थे और न बदलोगे । January 6, 2017 by सुप्रिया सिंह | Leave a Comment हालात की चाल : – पात्र बदला , स्थान बदला और समय भी बदल गया लेकिन कहानी वही की वही रही । बदला तो सिर्फ पात्र, स्थान, और समय । हर बार की तरह इस बार भी कहानी का शीर्षक वही था , सारांश भी लगभग वही था और अगर यह कहा जाएं कि निर्ष्कष […] Read more » Bangalore molestation case incresing molestation cases in India निर्भया महिलाओं का सम्मान
समाज नशे की लत या संस्कार है नशाखोरी January 6, 2017 by अनिल अनूप | 1 Comment on नशे की लत या संस्कार है नशाखोरी -अनिल अनूप भारत में बीते दो दशकों में शराब की खपत पचपन फीसदी बढ़ी है और अब किशोर और महिलाओं में भी इसकी लत जोर पकड़ रही है. आर्थिक सहयोग और विकास संगठन की ताजा रिपोर्ट में हुए इस खुलासे ने स्वास्थ्य विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है. अब शराब पीने की बढ़ती प्रवृत्ति पर […] Read more » Featured नशाखोरी शराब की खपत सेकसरिया इंस्टीट्यूट आफ पब्लिक हेल्थ
शख्सियत समाज तेजिंद्र चौहान: व्यक्ति एक प्रतिभाएं अनेक January 5, 2017 by निर्मल रानी | Leave a Comment तेजिंद्र चौहान संगीत के भी बेहद प्रेमी हैं। उच्चकोटि का संगीत तथा स्तरीय गायन उन्हें बहुत पसंद है। वे अपने जीवन में सबसे अधिक नुसरत फतेह अली खां तथा मेंहदी हसन जैसे गायकों को सुनना पसंद करते हैं। नुसरत फतेहअली व मेंहदी हसन के गाए हुए शायद ही कोई गीत,गज़ल या कव्वाली ऐसी हो जो उनके पास न हो। Read more » तेजिंद्र चौहान
समाज आत्मसम्मान तथा स्वाभिमान जागृत किए बिना भिक्षावृत्ति को रोका नहीं किया जा सकता January 4, 2017 by अनिल अनूप | 2 Comments on आत्मसम्मान तथा स्वाभिमान जागृत किए बिना भिक्षावृत्ति को रोका नहीं किया जा सकता अनिल अनूप मनुष्य-जीवन पर भोजन का प्रभाव बहुत गहराई तक पड़ता है। जितना सात्विक, शुद्ध एवं उपयुक्त भोजन किया जायेगा, मनुष्य का तन-मन भी उतना ही शुद्ध एवं सात्विक बनेगा। निम्न कोटि एवं निम्न भावनाओं से प्राप्त अन्न मनुष्य के शरीर को अस्वस्थ एवं मलीन बना देता है। ‘जैसा खाये अन्न, वैसा बने मन’ वाली […] Read more » भिक्षावृत्ति
समाज औऱत के इस रूप का नाम वेश्या क्यों ? January 3, 2017 by अनिल अनूप | 1 Comment on औऱत के इस रूप का नाम वेश्या क्यों ? केवल अहं की तुष्टि के लिए यह अमानवीयता क्यों? -अनिल अनूप कोई लड़की भीड़ से गुजरती है और कोई व्यक्ति उसे गलत तरीके से स्पर्श करता है, ऐसे में घर जाकर न जाने वो अपना हाथ कितनी बार धोती है. अनचाहे स्पर्श की व्यथा सिर्फ एक लड़की ही समझ सकती है. इसी तरह अपनी मर्जी […] Read more » child abuse वेश्यावृत्ति
समाज क्या जात-पात मिटाई जा सकती है? January 2, 2017 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment आर्यसमाज की पहली पीढ़ी के विद्वानों में एक विद्वान प्रो. सन्तराम जी बी.ए. भी हुए हैं। आप स्वामी श्रद्धानन्द जी के समकालीन थे। आपने अनेक ग्रन्थों का प्रणयन किया। पं. गुरुदत्त ग्रन्थावली के हिन्दी अनुवादक भी आप ही थे। इस समय आपकी एक लघु पुस्तक हमारे सम्मुख है। इस पुस्तक का प्रकाशन श्री रवीन्द्र कुमार […] Read more » ‘क्या जात-पात मिटाई जा सकती है?’
समाज कूड़े मे भविष्य तलाशता भारत का बचपन January 2, 2017 by अनिल अनूप | Leave a Comment अनिल अनूप हमारे समाज में आनन्द की अनुभूति के अलग-अलग मायने हो गये हैं। विषमता और गरीबी ने आनन्द की एक ऐसी ‘समानान्तर परिभाषा’ गढ़ दी है जो पारम्परिक परिभाषा से न सिर्फ अलग है बल्कि हृदयविदारक और क्रूर भी है। क्या जो बच्चा कूड़े के पर्वतनुमा ढेर से खुशी का इजहार करते हुए फिसलते […] Read more » कूड़े मे बचपन कूड़े मे भविष्य कूड़े मे भविष्य तलाशता भारत का बचपन