पर्यावरण विविधा मौसम विभाग की चेतावनी : बादलों के बरसने की घट रही है क्षमता June 24, 2017 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment वायुमण्डल के इन क्षेत्रों में जब विपरीत परिस्थिति निर्मित होती है तो मानसून के रुख में परिवर्तन होता है और वह कम या ज्यादा बरसात के रूप में धरती पर गिरता है। महासागरों की सतह पर प्रवाहित वायुमण्डल की हरेक हलचल पर मौसम विज्ञानियों को इनके भिन्न-भिन्न ऊंचाईयों पर निर्मित तापमान और हवा के दबाव, गति और दिशा पर निगाह रखनी होती है। इसके लिये कम्प्यूटरों, गुब्बारों, वायुयानों, समुद्री जहाजों और रडारों से लेकर उपग्रहों तक की सहायता ली जाती है। इनसे जो आंकड़ें इकट्ठे होते हैं उनका विश्लेषण कर मौसम का पूर्वानुमान लगाया जाता है। Read more » Featured मौसम विभाग की चेतावनी
विविधा ताकत भी है बढ़ती आबादी June 24, 2017 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment प्राकृतिक संसाधनों और भौगोलिक विविधता, ऋतुओं कि विलक्षण्ता और अनुकूल जलवायु के चलते हम बेहद समृद्धशाली देश हैं। नतीजतन देश के हर क्षेत्र में खेती योग्य भूमि, पानी, वन संपदा और अनेक प्रकार के खनिज संसाधनो के विपुल भंडार हैं। खाद्यान्न के क्षेत्र में भी हम आत्मनिर्भर हैं। हालांकि जनसंख्या वृद्धि के अनुपात में 2024 तक हम इस निर्भरता को खो भी सकते हैं। क्योंकि हमारी खाद्यान्न की आज जरूरतें 20 करोड़ टन हैं, वही 2020 में इसकी जरूरत 40 करोड़ टन होगी। लेकिन संसाधनों के बंटवारे में हम समानता का रुख अपनाने वाली नीतियों को अमल में लाएं तो इस समस्या से भी निजात पा सकते हैं। इसके लिए हमें प्राकृतिक संपदा को उधोगपतियों के हवाले करने की बजाए, विकेंदीकृत करके बहुसंख्यक आबादी के हवाले करने की जरूरत है। Read more » Featured increasing population is strength India ताकत भी है बढ़ती आबादी संयुक्त राष्ट्र की ‘संभावित वैश्विक आबादीः
जन-जागरण विविधा पुलिस प्रशासन निष्क्रिय-चोर सक्रिय June 24, 2017 / June 24, 2017 by निर्मल रानी | Leave a Comment निर्मल रानी वैसे तो किसी भी प्रकार की सामाजिक अच्छाई अथवा बुराई के आंकड़ों का सीधा संबंध बढ़ती हुई जनसंख्या की दर से है। जैसे-जैसे जनसंख्या वृद्धि होती जा रही है उसी के अनुसार समाज में जहां अच्छाईयां बढ़ रही हैं वहीं बुराईयां भी उससे अधिक तेज़ अनुपात से बढ़ती जा रही हैं। गरीबी,बेरोज़गारी,मंहगाई,अशिक्षा,अज्ञानता भी […] Read more » Featured चोर सक्रिय पुलिस प्रशासन निष्क्रिय
विविधा अब तक भोग किया, अब योग करें June 23, 2017 by डॉ. वेदप्रताप वैदिक | 1 Comment on अब तक भोग किया, अब योग करें डॉ. वेदप्रताप वैदिक योग दिवस पर कुछ कांग्रेसी मित्रों ने योग और मोदी का मजाक बनाया है। मोदी की जो भी आलोचना उन्हें करना है, वह जरुर करें। वरना वे विपक्षी कैसे कहलाएंगे ? लेकिन योग और योग-दिवस के बारे में तो मैं उनसे उत्तम प्रतिक्रिया की उम्मीद करता था। मैं तो सोचता था कि […] Read more »
विविधा प्रकृति और प्रकत्र्ता दोनों से मिलाता है योग June 23, 2017 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment शब्द प्रकृति दो शब्दों से बनता है-प्र+कृति। ‘प्र’ का अर्थ है-उत्तमता से, पूर्ण विवेक से और ‘कृति’ का अर्थ है-रचना। इस प्रकार प्रकृति का अर्थ है एक ऐसी रचना जिसे उत्तमता से, नियमों के अंतर्गत रहते हुए और विवेकपूर्वक बनाया गया है, रचा गया है। प्रकृति अपने नियमों से बंधी है, और वह उनके बाहर […] Read more » Featured योग
कला-संस्कृति विविधा एक नदी का उल्लास से भर जाना June 23, 2017 by मनोज कुमार | Leave a Comment मध्यप्रदेश की जीवनदायिनी मां स्वरूपा नर्मदा नदी उल्लास से भर गई होगी। यह स्वाभाविक भी है। मां अपने बेटों से क्या चाहती है? अपनों से दुलार और दुलार में जब पूरा समाज सेवा के लिए खड़ा हो जाए तो मां नर्मदा का पुलकित होना, उल्लास से भर जाना सहज और स्वाभाविक है। दुनिया में पहली […] Read more » Featured नमामि देवी नर्मदे नर्मदा नदी नर्मदा सेवा यात्रा-2016
विविधा तीसरा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस और योगदर्शन द्वारा ईश्वर साक्षात्कार June 22, 2017 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment मनमोहन कुमार आर्य आज 21 जून, 2017 को विश्व के अधिकांश भागों में तीसरा अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया गया। तीन वर्ष पूर्व भारत के यशस्वी प्रधान मंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने सयुक्त राष्ट्र महासभा में योग को अन्तर्राष्ट्रीय दिवस घोषित करने का प्रस्ताव रखा था जिसे विश्व के 177 देशों का समर्थन प्राप्त हुआ था […] Read more » 3rd International Day of Yoga Featured तीसरा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस योगदर्शन योगदर्शन द्वारा ईश्वर साक्षात्कार
विविधा स्वास्थ्य-योग किन-किन बीमारियों में योग कारगर? June 21, 2017 / June 21, 2017 by गोपाल बघेल 'मधु' | Leave a Comment अगर आप योग दिवस के अवसर पर भी सिर्फ इसलिए योग नहीं कर रहे कि पता नहीं इससे कोई फायदा होगा या नहीं तो अब आपकी शंका का समाधान हो चुका है। इस बात के क्लिनिकल प्रमाण मिल गए हैं कि कई तरह के योगासन और क्रियाएं बीमारियों का निदान कर सकती हैं। मंगलवार को […] Read more » Featured yoga for curing dieseases बीमारियों में योग बीमारियों में योग कारगर योग
खेल जगत मनोरंजन विविधा स्पर्धा में खेल भावना हर हाल में बनी रहने दें June 21, 2017 by संचित पुरोहित | Leave a Comment भारत में क्रिकेट की दीवानगी का अंदाजा अनेक उदाहरणों को देखकर लगाया जा सकता है । इसी प्रकार के उदाहरणों में सामाजिक मीडिया में घूम रहे एक वीडियो ने पूरे भारत का ध्यान अपनी ओर खींचा जिसमें 18 जून को लंदन में में भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गये चैम्पियन्स ट्राॅफी के फाईनल मुकाबले में भारत का पलडा हल्का होते देख एक मासूम बच्चे की आॅंखों से गिरते आॅंसू और उस पर उसकी माॅं द्वारा किस तरह उसका उलाहना-मिश्रित मजाक उडाया गया । ऐसा इसलिये कि भारत में क्रिकेट को एक पर्व की तरह मनाया जाता है । जनता इन मुकाबलों को देखने के लिये अपनी दिनचर्या के अनेक महत्वपूर्ण कामकाज का त्याग और बलिदान भी करती है । यदि मुकाबला चित-परिचित टीमों के साथ हो तो उसका रोमांच कई गुना बढ जाता है । Read more » चैम्पियन्स ट्राॅफी
महिला-जगत विविधा आत्मनिर्भर बन रही हैं झारखंड की महिला किसान June 21, 2017 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment कृषि सलाहकार बलदेव कुमार हेम्ब्रम बताते हैं "अब तक सैकड़ों किसानों को उन्होंने बागवानी, मछली पालन के साथ अच्छी कृषि कौशल भी सिखाए हैं " वो आगे कहते हैं कि "मसलिया प्रखंड के राम खोड़ि, गुआसोल एंव सीता पहाड़ी महिला की किसान आत्मनिर्भर हो चुकी हैं। आज ग्रामीण गरीबी दूर करने में समुदायों की बड़ी भूमिका है। Read more » झारखंड झारखंड की महिला किसान
विधि-कानून विविधा क्या आज भी उतना ही प्रासंगिक है संविधान ? June 20, 2017 by अनुज हनुमत | Leave a Comment समूचा देश पिछले एक वर्ष से 25 नवंबर के दिन अपना संविधान दिवस मनाता है । इसकी शुरूआत 2015 से हुई क्योंकि ये वर्ष संविधान निर्माता डॉ भीमराव अंबेडकर के जन्म के 125वें साल के रूप में मनाया गया था। आज संविधान को अंगीकृत किये हुए देश को 66 वर्ष का समय हो गया है […] Read more » #संविधान दिवस Featured केरल के एक मठ के प्रमुख केशवानंद भारती केशवानंद भारती बनाम केरल राज्य बाबा साहेब आंबेडकर
विविधा 21 जून : भारत वंदन दिवस June 20, 2017 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment जब संसार एक मौन क्रांति से बाहर निकलकर अर्थात अपने 'द्विज' बनने की साधना को पूर्ण करके अपनी साधना (संसार में सात्विक लोगों के संगठनीकरण की प्रक्रिया) से बाहर आएगा तो उस सफलता में भारत की बड़ी भूमिका होगी। निश्चय ही उस समय भारत का अतीत वर्तमान विश्व के मंचों पर विराजमान होगा और सारा संसार उसकी आरती कर रहा होगा। उस भव्य और दिव्य दिवस की आहट 21 जून ने दे दी है। अभी तो शुरूआत है। आने वाला समय निश्चय ही अच्छा होगा। Read more » 21 जून Featured अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस’ आरती प्रधानमंत्री भारत भारतीय संस्कृति मां भारती संसार