धर्म-अध्यात्म जीवात्मा का अनादित्व एवं उसका अनेक बार मोक्ष प्राप्त करना

जीवात्मा का अनादित्व एवं उसका अनेक बार मोक्ष प्राप्त करना

-मनमोहन कुमार आर्य ईश्वर, जीव तथा प्रकृति अनादि, नित्य, अविनाशी, अजर व अमर हैं। जीवात्मा ईश्वर से कर्मानुसार जन्म मरण प्राप्त कर कर्म-फलों को भोगता…

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धर्म-अध्यात्म सत्यार्थप्रकाश की महत्ता और ऋषि भक्त महात्मा दीपचन्द आर्य

सत्यार्थप्रकाश की महत्ता और ऋषि भक्त महात्मा दीपचन्द आर्य

-मनमोहन कुमार आर्य, देहरादून। ऋषि भक्त महात्मा (लाला) दीपचन्द आर्य जी ने अपने जीवनकाल में वैदिक विचारधारा के प्रचार प्रसार के लिए अनेक अनुकरणीय एवं…

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खेत-खलिहान भारतीय कृषि में महिलाओं की दयनीय स्थिति

भारतीय कृषि में महिलाओं की दयनीय स्थिति

डॉ. मयंक चतुर्वेदी भारत अपने अस्तित्वकाल से ही कृषि प्रधान देश रहा है। यहां जिस तरह से पुरुष और महिलाओं के बीच श्रम का विकेंद्रीकरण…

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लेख कवि मुक्तिबोध की जन्मशती

कवि मुक्तिबोध की जन्मशती

मनोज कुमार साहित्य समाज में किसी कवि की जन्मशती मनाया जाना अपने आपमें महत्वपूर्ण है और जब बात मुक्तिबोध की हो तो वह और भी…

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समाज मंगोलिया  के सांस्कृतिक पुनर्जागरण में कुशोक बकुला रिम्पोछे का योगदान

मंगोलिया के सांस्कृतिक पुनर्जागरण में कुशोक बकुला रिम्पोछे का योगदान

डा० कुलदीप चन्द अग्निहोत्री यह कथा अढाई हज़ार साल से भी पुरानी है । यह महात्मा बुद्ध के काल की कथा है ।  बकुला का…

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लेख चोर चोर मौसेरे भाई

चोर चोर मौसेरे भाई

चोर चोर मौसेरे भाई मिले चुनावी वक़्त मोलभाव सीटों का करें इधर उधर भटकें। लोग जो आज इधर हैं कल मिल जायें उधर, आज जिन्हे…

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कविता कुछ और उठो सत्यार्थी

कुछ और उठो सत्यार्थी

इंसान ज्वालामुखी बन चुके थे, पहले ही, इंसानो के बच्चे भी मासूमियत छोड़कर, ज्वालामुखी बनने लगे हैं, जो कभी भी फट कर सब कुछ जला…

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लेख गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-10

गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-10

गीता के दूसरे अध्याय का सार और संसार हमारे देश में लोगों की मान्यता रही है कि शत्रु वह है जो समाज की और राष्ट्र…

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लेख गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-9

गीता का कर्मयोग और आज का विश्व, भाग-9

राकेश कुमार आर्य   गीता के दूसरे अध्याय का सार और संसार अर्जुन समझता था कि दुर्योधन और उसके भाई, उसका मित्र कर्ण और…

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विविधा निजी अस्पतालों की लूट कब तक?

निजी अस्पतालों की लूट कब तक?

ललित गर्ग- देश के निजी अस्पतालों में स्वास्थ्य की दृष्टि से तो हालात बदतर एवं चिन्तनीय है ही, लेकिन ये लूटपाट एवं धन उगाने के…

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विविधा जानें डीप वेन थ्रोंबोसिस को

जानें डीप वेन थ्रोंबोसिस को

लंबे सफर के दौरान पैरों का व्यायाम करते रहें   डा.संजय अग्रवाला आर्थोपेडिक सर्जन पीडी हिंदुजा अस्पताल मुबंई शरीर के भीतरी धमनियों में जब रक्त…

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धर्म-अध्यात्म  अपने व पूर्वजों के कर्मों का फल

 अपने व पूर्वजों के कर्मों का फल

डा. राधेश्याम द्विवेदी संसार के प्रत्येक प्राणी को अपने तथा पूर्वजों के कर्मों का फल भोगना ही पड़ता है। इससे मुक्ति कभी नहीं मिलती है।…

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