कविता न आयीं तू मेरे सपनों में , न आयीं तू मेरे नगमों में

न आयीं तू मेरे सपनों में , न आयीं तू मेरे नगमों में

जलता रहा मैं दीपक बनकर ……… न जाने किस विश्वास पर दिन -रात मैं राह  तकता रहा जलता रहा मैं दीपक बनकर ………. पर न…

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जरूर पढ़ें कब टूटेगी हमारी चुप्पी ?—सिद्धार्थ मिश्र “स्वितंत्र”

कब टूटेगी हमारी चुप्पी ?—सिद्धार्थ मिश्र “स्वितंत्र”

चुप  हैं  सब  करता  नहीं  क्‍यों  दूसरा  कुछ  बातचीत, अमर शहीद पं रामप्रसाद  बिस्मिल का ये शेर देश के मौजूदा हालातों को देखते हुए आज…

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कविता आंसू निकल पड़े

आंसू निकल पड़े

लेने सबाब तीर्थ का, घर से निकल पड़े | केदार-बद्री धाम के,  दर पे निकल पड़े | सब ठीक चल रहा था,मौसम भी साफ था,…

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कविता जीवन का लक्ष्य

जीवन का लक्ष्य

मैं, मैं हूँ तुम, तुम हो वह भी, वह ही है यह सत्य है जानते हैं हम सब यह सब . पर, इतना ही जानना…

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राजनीति यूपीः मुस्लिम वोटों के लिये कांग्रेस की कसरत

यूपीः मुस्लिम वोटों के लिये कांग्रेस की कसरत

उत्तर प्रदेश में 18 व 49 प्रतिशत मुस्लिम(एम) वोटों को हासिल करने के लिये हाथ पैर मार रही कांग्रेस के सामने समाजवादी पार्टी रोड़ा बनकर…

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जरूर पढ़ें जयललिता पिलाएंगी बोतलबंद पानी

जयललिता पिलाएंगी बोतलबंद पानी

तमिलनाडू राज्य सरकार सस्ती दर पर प्रदेश की जनता को बोतल बंद शुद्ध पानी पिलाएगी। मुख्यमंत्री जयललिता को यह कदम इसलिए उठाना पड़ा,क्योंकि जब सरकार…

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विविधा आधार कार्ड बनाम वोटर कार्ड का द्वंद

आधार कार्ड बनाम वोटर कार्ड का द्वंद

डा. मनोज चतुर्वेदी भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण के चेयरमैन नंदन निलेकणि का कहना है कि आधार कार्ड के कई फायदे हैं। यदि आपको पेंशन, स्कॉलरशिप,…

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राजनीति भारतीय राजनीति में संक्रामक रोग ”सेक्यूलराइटिस”

भारतीय राजनीति में संक्रामक रोग ”सेक्यूलराइटिस”

राज कुमार उत्तर भारत के देवभूमि में प्राकृतिक आपदा ने जब लोगों के दिलों को हिलाकर रख दिया है। इस आपदा को राष्ट्रीय आपदा के…

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आर्थिकी भ्रष्टाचार ही भ्रष्टाचार

भ्रष्टाचार ही भ्रष्टाचार

पिछले कुछ वर्षों में देश का मीडिया देश में हुए बड़े बड़े घोटालों के समाचारों से भरा रहा है.आजकल किन्ही विशेष कारणों से मीडिया भ्रष्टाचार…

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कविता बादलों पर गीतों के टुकड़े

बादलों पर गीतों के टुकड़े

नहीं होती बात जब कुछ कहने को मैं यूँ  ही कोई गीत गुनगुना देता हूँ । बादल अक्सर उड़ते हुए यहाँ वहाँ पकड़ लेते हैं…

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दोहे मच्छड़ का फिर क्या करें

मच्छड़ का फिर क्या करें

मैंने पूछा साँप से दोस्त बनेंगे आप। नहीं महाशय ज़हर में आप हमारे बाप।।   कुत्ता रोया फूटकर यह कैसा जंजाल। सेवा नमकहराम की करता…

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जरूर पढ़ें चाहे लाख करो तुम पूजा , तीर्थ करो हज़ार  दीन दुखी को ठुकराया तो सब कुछ है बेकार

चाहे लाख करो तुम पूजा , तीर्थ करो हज़ार दीन दुखी को ठुकराया तो सब कुछ है बेकार

मुझे यह देखकर बड़ा दुःख हुआ कि उत्तराखंड त्रासदी पर देश के बड़े बड़े धर्म गुरु चाहे आसा राम बापू हों या सुधांशु जी महाराज…

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