राजनीति नये राजनीतिक समीकरण बनाने में जुटे राज्य के दो पूर्व मुख्यमंत्री December 10, 2009 / December 25, 2011 by गौतम चौधरी | 1 Comment on नये राजनीतिक समीकरण बनाने में जुटे राज्य के दो पूर्व मुख्यमंत्री गुजरात का राजनीतिक समीकरण बदलने तथा विगत लम्बे समय से गुजरात की राजनीति पर हावी प्रदेश के मुख्यमंत्री नरेन्द्र भाई मोदी को सत्ता से बेदखल करने के लिए गुजरात के दो पूर्व मुख्यमंत्रियों ने एक मोर्चा बनाया है। इस मोर्चे के गठन के बाद गांधीनगर का सियासी तापमान बढने और प्रदेश में एक नये राजनीतिक […] Read more » politics राजनीतिक
राजनीति कल्याण सिंहः आ अब लौट चलें December 10, 2009 / December 25, 2011 by संजय द्विवेदी | 4 Comments on कल्याण सिंहः आ अब लौट चलें कभी भाजपा के दिग्गज नेता रहे और अब विश्वसनीयता का संकट कल्याण सिंह को आखिर क्या हुआ है कि उन्हें फिर भगवान राम की याद आ गयी है। दरअसल कल्याण सिंह राजनीतिज्ञों की उस परंपरा का हिस्सा बन गए है जिसके लिए सच समय के साथ बदलता रहता है। कल्याण सिंह ऐसे कैसे बने यह […] Read more » kalyan singh कल्याण सिंह
राजनीति राज्य सभा में चौथी दुनिया के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस December 8, 2009 / December 8, 2009 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment साप्ताहिक अखबार ‘चौथी दुनिया’ और इसके संपादक संतोष भारतीय पर राज्यसभा सदस्यों के सँज्ञान पर राज्य सभा ने विशेषाधिकार हनन का नोटिस भेजा है. नोटिस देने वाले सांसदों और उनकी पार्टी के नाम हैं- अली अनवर (जद-यू), अजीज़ पाशा (सीपीआई), राजनीति प्रसाद (आरजेडी) और साबिर अली (लोकजनशक्ति पार्टी). इन सांसदों ने यह नोटिस उप-राष्ट्रपति और राज्यसभा […] Read more » Chauthi Duniya Rajya Sabha Santosh Bhartiya चौथी दुनिया राज्य सभा संतोष भारतीय
राजनीति भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री राजनाथ सिंह द्वारा 07 दिसम्बर, 2009 को लोकसभा में लिब्राहन रिपोर्ट पर दिए गए भाषण के मुख्य बिंदु December 7, 2009 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | 3 Comments on भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री राजनाथ सिंह द्वारा 07 दिसम्बर, 2009 को लोकसभा में लिब्राहन रिपोर्ट पर दिए गए भाषण के मुख्य बिंदु • माननीय अध्यक्ष महोदय, आज लिब्राहन आयोग की रिपोर्ट पर चर्चा को प्रारंभ करने के लिए प्रतिपक्ष की तरफ से मैं अपना प्रतिवेदन प्रारंभ कर रहा हूं। • 17 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद यह रिपोर्ट आज सदन के पटल पर है। इस रिपोर्ट में अनेक आपत्तिजनक एवं आधारहीन बातें हैं। भगवान राम को […] Read more » bjp भारतीय जनता पार्टी
राजनीति यह लोकतंत्र नहीं, लूटतंत्र है December 5, 2009 / December 25, 2011 by सरिता अरगरे | Leave a Comment मध्य प्रदेश में नगरीय निकायों के चुनाव में उम्मीदवारी तय करने में बीजेपी और काँग्रेस ने लोकतंत्र के सभी उसूलों को ताक पर धर दिया है। दोनों ही पार्टियों ने उम्मीदवारों की काबीलियत से ज़्यादा उसकी हैसियत को तरजीह दी है। प्रमुख दलों की “नूरा कुश्ती” ने महापौर, स्थानीय निकाय के अध्यक्षों और पार्षदों की […] Read more » Democracy लोकतंत्र
आर्थिकी राजनीति जैन साहब गरीब की इज्जत गली में मत लाओ December 4, 2009 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment मध्यप्रदेश के खाद्य नागरिक आपूर्ति मंत्री पारस जैन की सोच के अनुसार यदि तख्तियां टांगने या घरों के सामने लिखने का काम किया जाये तो हर घर के सामने की दीवार मे नेम प्लेट की जगह किसी के घर मैं बेईमान हँ, मैं चोर हँ, मैं डकेत हँ, मैं राष्ट्रद्रोही हँ, मैं कामचोर हँ, मैं […] Read more » Respect of poor गरीब की इज्जत
राजनीति अम्बेडकर के समस्त विचारों का अधिष्ठान धर्म था December 4, 2009 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | 1 Comment on अम्बेडकर के समस्त विचारों का अधिष्ठान धर्म था सामाजिक समरसता के अभाव में समता का या तो निर्माण ही नहीं होगा और यदि जैसे-तैसे निर्माण हुआ भी तो वह अधिक समय तक टिकेगी नहीं। दलित बन्धुओं का नेतृत्व करने वाले डा. बाबा साहब अम्बेडकर के विचार इस संदर्भ में माननीय हैं। वे कहते हैं, ” मेरा सामाजिक तत्व ज्ञान निश्चित रूप से तीन […] Read more » Ambedkar अम्बेडकर
राजनीति ये सियासत का धोखा है December 2, 2009 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment अयोध्या मसले पर परस्पर विरोधी खेमों के सेनापति रह चुके सियासी दिग्गज कुछ समय की गलबंहियों के बाद फिर आमने-सामने है। बातों का अन्दाज पुराना है, लेकिन सच्चाई और विश्वनीयता का घोर अभाव है। इसलिए धार कुन्द है। कभी एक दिग्गज ने ऐलान किया था कि अयोध्या में पंरिदा भी पर नहीं मार सकता। दूसरे […] Read more » politics सियासत
राजनीति कितने आम रह गये हैं राहुल गांधी के आम आदमी के सिपाही December 2, 2009 / December 25, 2011 by आशुतोष वर्मा | 2 Comments on कितने आम रह गये हैं राहुल गांधी के आम आदमी के सिपाही कांग्रेस की राजनीति में जब भी नया नेतृत्व उभरता हैं तो पार्टी में नये प्रयोग जरूर होते हैं। ऐसा ही एक कार्यक्रम कांग्रेस के युवा नेता राहुल गांधी चला रहें हैं जिसे उनके नजदीकी अक्स के नाम से पुकारते हैं। अक्स याने आम आदमी का सिपाही।देश के आम आदमी से कांग्रेसियों को जोड़ने के उद्देश्य […] Read more » Rahul Gandhi राहुल गांधी
राजनीति लिब्राहन आयोग की रपट के पीछे की राजनीति November 30, 2009 / December 25, 2011 by डॉ. कुलदीप चन्द अग्निहोत्री | 8 Comments on लिब्राहन आयोग की रपट के पीछे की राजनीति 6 दिसम्बर 1992 को अयोध्या में राम जन्म भूमि पर स्थित विवादित ढांचे को राम भक्तों ने गिरा दिया था। दरअसल, अर्से पहले राम जन्म भूमि के ऐतिहासिक राम मन्दिर को तोड़ कर आक्रांता मुस्लिम सेनाओं ने उस पर मस्जिद के नाम से एक ढांचा खड़ा कर दिया था। भारत के लोगों में इस अपमान […] Read more » Librahan Commision लिब्राहन आयोग
राजनीति 26/11 को एक साल November 28, 2009 / December 25, 2011 by हिमांशु डबराल | Leave a Comment एक साल पहले दहल गया था ‘पूरा देश’। मुम्बई में हुए सिलसिलेवार आंतकी हमलों ने पूरे देश में दहशत का माहौल पैदा कर दिया था। मौत का ऐसा मंजर किसी ने सपने में भी नहीं सोचा था। लाशों के ढेर में पसरा सन्नाटा और उस सन्नाटे में गूंजती गोलियों की आवाजें। पूरा देश आतंकियों के […] Read more » 26/11 को एक साल Mumbai Attack
राजनीति व्यंग्य उल्टा-पुल्टा व्यंग्य / नेताजी का जनम दिन November 28, 2009 / December 25, 2011 by पंकज व्यास | Leave a Comment छुट भैयेजी मनाए जनम दिन। बांटें कंबल, मिठाई, फल-फूल बिस्किट। जनता मारे ताने, सुन मेरे भैये, जनम दिन पर याद नहीं आया होगा सगा बाप। पर, नेताजी का जनम दिन मनाएं धूमधाम। भैये जी क्या समझाए मुई जनता को मेरे यार। खुद का जनम दिन मत मनाओ, पर बड़े नेताजी का जनम दिन तो मनाना […] Read more » vyangya व्यंग्य