जन-जागरण अब आ गया आम का आनंद

अब आ गया आम का आनंद

मृत्युंजय दीक्षित   ऋतुओं के देश भारत की विशेषता है कि यहां पर हर ऋतु के अनुकूल फल प्रकृति उपलब्ध कराती है। गर्मी में आवश्यकता…

Read more
कला-संस्कृति गोरी-काली नस्लों में बंटता अमेरिका

गोरी-काली नस्लों में बंटता अमेरिका

प्रमोद भार्गव   अमेरिका में निरंतर नस्लीय हिंसा से जुड़ी निर्मम वारदातें सामने आ रही हैं। दक्षिण केरौलिना के चार्ल्सटन शहर में अश्वेतों के ऐतिहासिक…

Read more
खेत-खलिहान लंगड़ा आम का नामकरण कथा

लंगड़ा आम का नामकरण कथा

अशोक “प्रवृद्ध” यूँ तो प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी के संसदीय निर्वाचन क्षेत्र बनारस आज भी बहुत-सी चीजों के लिए लोकप्रिय है, मशहूर है, तथापि जिस चीज…

Read more
आर्थिकी आमूल-चूल परिवर्तन से पूरा होगा सबके लिए घर का सपना

आमूल-चूल परिवर्तन से पूरा होगा सबके लिए घर का सपना

-सिद्धार्थ शंकर गौतम- हाल ही में मोदी कैबिनेट ने सभी के लिए घर योजना को मंजूरी दे दी है जिसमें शहरी गरीबों तथा कम आय…

Read more
परिचर्चा इन ‘ललितों’ का तो एेसा ही है…!

इन ‘ललितों’ का तो एेसा ही है…!

-तारकेश कुमार ओझा- उन दिनों किसी अखबार में पत्रकार होना आइएएस – आइपीएस होने से किसी मायने में कम महत्वपूर्ण नहीं था। तब किसी भी…

Read more
गजल रहते हुए भी हो कहां

रहते हुए भी हो कहां

-गोपाल बघेल ‘मधु’- (मधुगीति १५०६२१) रहते हुए भी हो कहाँ, तुम जहान में दिखते कहाँ; देही यहाँ बातें यहाँ, पर सूक्ष्म मन रहते वहाँ ।…

Read more
विविधा हिण्डन-यमुना-गंगा नदी पंचायत निर्णय

हिण्डन-यमुना-गंगा नदी पंचायत निर्णय

-अरुण तिवारी-   1. संदर्भ: गंगा के प्रवाह में प्रदूषित पानी की आवक औसतन 700 क्युसेक है; जबकि यदि पूरी क्षमता के साथ वर्षा जल…

Read more
राजनीति केजरीवाल की सरकार को फ्लॉप होने से बचा रहे हैं मोदी

केजरीवाल की सरकार को फ्लॉप होने से बचा रहे हैं मोदी

–इक़बाल हिंदुस्तानी- -दिल्लीवासियों की नज़र में ‘आप’ से हार का बदला ले रही बीजेपी !-       दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार के साथ इस…

Read more
परिचर्चा 23-24 जून को उत्तरखण्ड विकास संवाद

23-24 जून को उत्तरखण्ड विकास संवाद

-अरुण तिवारी- नीति आयोग ने इस नीति पर काम करना शुरु कर दिया है कि राज्य, केन्द्र की ओर ताकने की बजाय, अपने संसाधनों के…

Read more
परिचर्चा शर्म उनको मगर नहीं आई?

शर्म उनको मगर नहीं आई?

-तनवीर जाफरी- ऋषियों-मुनियों, साधू-संतों, पीरों-फकीरों तथा अध्यात्मवादियों की धरती समझा जाने वाला हमारा भारतवर्ष अपनी इसी पहचान के चलते सहस्त्राब्दियों से पूरे विश्व की नज़रों…

Read more
गजल खोया हूं मैं

खोया हूं मैं

–मनीष सिंह-    खोया हूँ मैं हक़ीक़त में और फ़साने में , ना है तुम बिन कोई मेरा इस ज़माने में।   तुम साथ थे…

Read more
टॉप स्टोरी जब योग का कहीं कोई विरोध है ही नहीं तो उसे करवाने की आक्रामक नाटकीयता क्यों ?

जब योग का कहीं कोई विरोध है ही नहीं तो उसे करवाने की आक्रामक नाटकीयता क्यों ?

  आजकल शुद्ध  सरकारी और उसका पिछलग्गू व्यभिचारी प्रचार तंत्र नाटकीय ढंग से योगाभ्यास के बरक्स  आक्रामक और असहिष्णु हो चला  है। दृश्य,श्रव्य ,पश्य, छप्य,डिजिटल,इलक्ट्रॉनिक ,मोबाइल  और तमाम ‘प्रवचनीय’ माध्यमों दवरा  बार -बार  कहा जा…

Read more